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2011 वर्ल्ड कप चैंपियन टीम इंडिया का सदस्य शक के घेरे में, मैच फिक्सिंग का लगा आरोप

Fri, 06 Apr 2018 12:07 PM IST
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
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टीम इंडिया
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टीम इंडिया के लिए 2011 वर्ल्ड कप चैंपियन बनना गौरव का पल है। महेंद्र सिंह धोनी के नेतृत्व में टीम इंडिया ने 28 साल का सूखा खत्म करते हुए दूसरी बार विश्व चैंपियन का खिताब जीता। हाल ही में टीम इंडिया ने वर्ल्ड कप चैंपियन बनने की सातवीं सालगिरह मनाई। तत्कालिन कप्तान एमएस धोनी को उसी दिन (2 अप्रैल 2011) भारत के तीसरे सर्वोच्च सम्मान पद्म भूषण से नवाजा गया, जिस दिन भारत ने साल 2011 में वर्ल्ड कप जीता था। मगर वह वर्ल्ड कप एक बार फिर से चर्चा और सवाल के घेरे में आ गई है।

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दरअसल, उस समय वर्ल्ड कप में शामिल टीम के हर खिलाड़ियों को हीरो बनाया गया था। मगर उन्हीं खिलाड़ियों में से किसी एक पर मैच फिक्सिंग का आरोप लगा है। हालांकि उस क्रिकेटर पर घरेलू टी-20 टूर्नामेंट में फिक्सिंग का शक है।

'इंडियन एक्सप्रेस' की रिपोर्ट के मुताबिक, मैच फिक्सिंग के आरोप में 2011 वर्ल्ड कप विश्व विजेता टीम के एक सदस्य की जांच की जा रही है। आरोप है कि इस सदस्य का मैच फिक्सिंग से लिंक है। इस मैच फिक्सिंग सिंडिकेट ने पिछले साल जुलाई में जयपुर में एक डोमेस्टिक टी-20 टूर्नामेंट भी आयोजित करवाया था। राजपूताना प्रीमियर लीग (आरपीएल) BCCI के एंटी करप्शन सिक्योरिटी यूनिट की रडार पर आया था। अब राजस्थान पुलिस की सीआईडी टीम इसकी जांच कर रही है।
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राजपूताना प्रीमियर लीग (आरपीएल) में क्लब क्रिकेटरों ने भाग लिया था और इसका सीधा प्रसारण Neo Sports पर हुआ था। आपको बता दें कि Neo Sports के पास पहले भारतीय क्रिकेट टीम के डोमेस्टिक मैचों के प्रसारण अधिकार थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक राजस्थान पुलिस को जानकारी मिली है कि मैच फिक्सिंग रैकेट का मास्टरमाइंड ही आरपीएल को लाने के पीछे था। साथ ही उसका बिजनेस लिंक एक भारतीय खिलाड़ी के साथ है, जो देश के लिए तीनों फॉर्मेट खेल चुका है।

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टीम इंडिया
आरोपी खिलाड़ी को इस टूर्नामेंट के इर्दगिर्द भी देखा गया था। साथ ही इस टी-20 टूर्नामेंट में भी कई तरह के सवाल उठाए गए थे। एक उदाहरण के तौर पर फाइनल में कांटे के मुकाबले में आखिरी ओवरों में एक बॉलर ने काफी दूर वाइड बॉल करते हुए 8 बाइ दिए थे। इसी वजह से बीसीसीआई ने राजस्थान पुलिस से लीग की जांच की मांग की थी।

आरोपी 2011 वर्ल्ड कप टीम के सदस्य का नाम 14 आरोपियों से पूछताछ के दौरान सामने आया। इन आरोपियों को सट्टेबाजी और मैच फिक्सिंग के आरोप में जयपुर के 4 होटलों से पिछले साल जुलाई में गिरफ्तार किया गया था। इनमें आरपीएल के ऑर्गेनाइजर्स, खिलाड़ी, अंपायर और कथित सट्टेबाज शामिल हैं। उनके पास से कैश, मोबाइल, वॉकी टॉकी और लैपटॉप बरामद किया गया था।
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