बारिश के बीच खेल महाकुंभ के शुभारंभ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने युवा खिलाड़ियों के जोश को अपने बचपन की यादों से जोड़ा तो सियासी विरोधियों को जवाब देने में भी पीछे नहीं रहे। जेन जी के उत्साह के बीच उन्होंने अपने कंचे खेलने के दिनों का जिक्र किया और बताया कि वह भी बचपन में कंचे खेलते थे और उन्हें चारपाई के नीचे संभालकर रखते थे।
मुख्यमंत्री ने विपक्ष पर तीखे राजनीतिक हमले किए और युवाओं के लिए अपनी सरकार के काम गिनाते हुए विरोधियों को कठघरे में खड़ा किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज लोग जागरूक हैं और जानते हैं कि कौन ईमानदारी से काम कर रहा है और कौन चुनाव के समय हमदर्द बनने का नाटक करता है। सीएम बोले, सरकार बिना थके हर वर्ग के लिए काम कर रही है जबकि कुछ लोग केवल ढोंग करते हैं। उन्होंने नाम लिए बिना कहा कि वे लोग रक्षा बंधन भी नहीं मनाते हैं। हर साल मनाते तो कैसा होता। फोटो डालते... कुछ का बहनों के साथ फोटो ही नहीं दिखा। मुख्यमंत्री ने सवाल उठाया कि ऐसे लोग किस मुंह से बच्चों और युवाओं की बात करेंगे।
उन्होंने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि पिछली सरकारों ने बच्चों के सपनों की बलि चढ़ाने और युवाओं को गर्त में धकेलने का काम किया। उन्होंने कहा कि जिन लोगों की सरकार रही, उनके पास काम करने की नीयत नहीं थी और न ही मन में पीड़ा थी। अगर सत्ता को सेवा माना होता तो काम होता। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली सरकारों में सिर्फ अपने लोगों को लाभ पहुंचाया गया और युवाओं के लिए कोई काम नहीं किया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज उनकी सरकार युवाओं और खिलाड़ियों के लिए काम कर रही है तो विरोधी बौखला गए हैं। वे जनता में भ्रम फैलाने का प्रयास कर रहे हैं लेकिन जनता सब देख रही है।
उन्होंने युवाओं से कहा कि सरकार उनके साथ मजबूती से खड़ी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार भांजे-भांजियों और भाई-बहनों के लिए जी-तोड़ मेहनत कर रही है। उन्होंने खिलाड़ियों से पढ़ाई और खेल में इसी जुनून के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया और भरोसा दिलाया कि उनकी हर जरूरत में सरकार साथ रहेगी। प्रतिभाओं को निखारने के लिए सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी।