आज अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर है। आठ मार्च को दुनियाभर में महिलाओं के सम्मान में यह दिवस मनाया जाता है। यह दिन महिला अधिकारों के प्रति जागरूकता पैदा करने और महिलाओं को समाज में उचित सम्मान दिलाने के लिए मनाया जाता है। इस साल महिला दिवस की थीम है- समानता। इस मौके पर हम आपको छत्तीसगढ़ के एक 'सुपर वुमन' की कहाना से रूबरू करा रहे हैं।
यह महिला छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के गढ़ दंतेवाड़ा में लोगों की सुरक्षा में तैनात है। छत्तीसगढ़ के बारसुर की रहने वाली सुनैना पटेल नाम की यह महिला आठ महीने की गर्भवती है। इसके बावजूद वह दंतेवाड़ा में ड्यूटी कर रही हैं। दंतेवाड़ा में पहाड़ों-जंगलों के उबड़-खाबड़ रास्तों में नक्सलियों को उनके घर में घुसकर चुनौती दे रही हैं। सुनैना की बहादुरी की कोई तुलना नहीं की जा सकती वह अतुलनीय कार्य कर रही हैं।
सुनैना नक्सलियों से निपटने के लिए बने जिला रिजर्व गार्ड में दंतेश्वरी फाइटर की टीम लीडर के रूप में तैनात हैं। वह 30 लोगों की टीम को लीड करती हैं। ऐसे में जब जेंडर इक्विवालिटी की बात करने वाले पुरुषों को सोचना चाहिए कि वे कितना न्याय कर पाते हैं।
सुनैना पटेल कहती हैं कि जब मैंने दंतेश्वरी फाइटर की टीम लीडर के रूप में ज्वाइन किया था तब मैं दो महीने की गर्भवती थी। मैंने अपने कर्तव्यों को निभाने से कभी इनकार नहीं किया। आज भी अगर मुझसे पूछा जाए तो मैं इसे पूरी ईमानदारी के साथ करूंगी।