छत्तीसगढ़ स्थित बेथेल चिल्ड्रन होम में बच्चों का यौन शोषण करने और धर्म परिवर्तन करवाने का मामला सामने आया है। तितुरडीह स्थित इस चिल्ड्रन होम में ये गतिविधियां पिछले दो साल से चल रही थीं।
चाइल्ड लाइन के समन्वयक सुरेश कापसे की शिकायत पर इस मामले का खुलासा हुआ। इसके बाद मोहन नगर पुलिस ने संस्था के संचालक पास्टर स्वामी नादुलू सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें से दो आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है और एक आरोपी फरार है।
सीएसपी आरके भट्ट ने पत्रकार वार्ता में बताया कि सुरेश कापसे ने शिकायत की थी कि बेथेल चिल्ड्रन होम संस्था के केयर टेकर दिलीप कुमार ने एक 14 वर्षीय किशोर का तीन चार माह पहले यौन शोषण किया था।
इस शिकायत के बाद चार अधिकारियों की टीम बनाकर संस्था की गतिविधियों की जांच पड़ताल की गई। संस्था में रहने वाले छह बच्चों का मेडिकल परीक्षण कराया गया है। पीड़ित बच्चों की उम्र 6 से 13 वर्ष है। आरके भट्ट ने बताया कि केयर टेकर दो साल से बच्चों से दुष्कर्म कर रहा था।
पुलिस पूछताछ में धर्मांतरण कराए जाने के तथ्य भी सामने आए हैं। इसके बाद केयर टेकर दिलीप कुमार के खिलाफ धारा 377, 506 का अपराध दर्ज किया गया है। संस्था संचालक स्वामी नादलू और उसके सहयोगी बी. इराफूक के खिलाफ धारा 3, 4 धर्मातरण अधिनियम का अपराध कायम किया गया। इनमें से स्वामी नादुलू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है और बी इराफूक को फरार बताया जा रहा है।
इस मामले तब सामने आया जब चाइल्ड होम की चार बच्चियां मारपीट से तंग आकर 26 मार्च को वहां से भाग गई थीं। चारों बच्चियां रात में संदिग्ध हालत में एसडीओपी निवेदिता पाल को मिलीं। तब चारों को चाइल्ड लाइन के हवाले किया गया। उसके बाद बच्चियों को रायुपर स्थित बालिका आश्रम भेज दिया गया।