छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में जंगली सुअर के लिये बिछाए गए करंट प्रवाहित तार के संपर्क में आ जाने से कृषि विस्तार अधिकारी की मौत हो गई। घटना की जानकारी के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंचकर मृतक के शव को अस्पताल भेजते हुए आगे की कार्रवाई में जुट गई है। मामला लैलूंगा थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार, खम्हार गांव का रहने वाले लालकुमार साहू 40 साल गुडुबहाल में कृषि विस्तार अधिकारी के पद पर पदस्थ था। बीती रात 9 बजे लालकुमार भेलवाटोली गांव में स्थित अपने खेत की तरफ गया हुआ था। इसी बीच जंगली सुअर के शिकार के लिये बिछाये गए करंट प्रवाहित तार के संपर्क में आ जाने से उसकी मौत हो गई।
देर रात तक लालकुमार के घर नहीं लौटने पर परिजन जब उसे ढूंढने निकले तो उन्होंने देखा कि खेत के पास शव पड़ा हुआ था। जिसके बाद उन्होंने पूरे मामले की जानकारी लैलूंगा थाने में दी। घटना की सूचना के बाद मौके पर पहुंची पुलिस मर्ग पंचनामा कार्रवाई पश्चात शव को पोस्टमार्टम के लिये अस्पताल भेजते हुए आगे की कार्रवाई में जुट गई है।
भेलवाटोली गांव ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे अर्से से जंगली सुअरओं का आतंक बढ़ गया है। जिससे उनकी फसले बर्बाद हो रही हैं। गांव के ग्रामीण अवैध रूप से हुकिंग कर खेतों में करंट बिछा देते हैं जिससे यह घटना हुई है।
इस मामले में लैलूंगा थाना प्रभारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच के दौरान पता चला है कि खेत में लगे करंट प्रवाहित तार के संपर्क में आने से यह घटना हुई है। इस मामले में जांच की जा रही है, दोषी व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।