फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रायपुर में आज से पुलिस कमिश्नर सिस्टम लागू: शहर और ग्रामीण एरिया में ये ऑफिसर्स संभालेंगे कमान, जानें डिटेल

Fri, 23 Jan 2026 11:02 AM IST
ललित कुमार सिंह अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर

सार

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 25 साल बाद राज्य की विष्णुदेव साय सरकार ने 23 जनवरी 2026 से पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू कर दिया है। इसे लेकर प्रशासनिक महकमे में व्यापक बदलाव  किये गये हैं। पुलिस व्यवस्था में नगरीय और ग्रामीण एरिया में बड़ा परिवर्तन किया गया है। 
विज्ञापन
वरिष्ठ आईपीएस ऑफिसर संजीव शुक्ला रायपुर के पहले पुलिस कमिश्नर - फोटो : अमर उजाला डिजिटल
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 25 साल बाद राज्य की विष्णुदेव साय सरकार ने 23 जनवरी 2026 से पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू कर दिया है। इसे लेकर प्रशासनिक महकमे में व्यापक बदलाव  किये गये हैं। पुलिस व्यवस्था में नगरीय और ग्रामीण एरिया में बड़ा परिवर्तन किया गया है। 
विज्ञापन




गृह (पुलिस) विभाग मंत्रालय ने रायपुर शहर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करने की अधिसूचना जारी कर दी है। इसके साथ ही शहर और ग्रामीण क्षेत्र की पुलिस व्यवस्था को अलग-अलग कर दिया गया है। इस क्रम में देर रात 15 आईपीएस अधिकारियों का ट्रांसफर भी किया गया है।सन 2004 बैच के वरिष्ठ आईपीएस ऑफिसर संजीव शुक्ला को रायपुर का नया पुलिस कमिश्नर नियुक्त किया गया है। वहीं सन 2009 बैच के आईपीएस अमित तुकाराम को अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस संबंध में छत्तीसगढ़ शासन गृह पुलिस विभाग मंत्रालय के उप सचिव ने आदेश जारी कर दिये हैं।

यह स्थानांतरण पुलिस व्यवस्था को मजबूत करने के लिये और प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने की दिशा में एक अहम कदम है। इस ट्रांसफर लिस्ट में कई चर्चित चेहरों को नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। सूची के मुताबिक, रायपुर के एसएसपी लाल उमेद सिंह को जशपुर का नया एसपी बनाया गया है। रायगढ़ के पुलिस अधीक्षक रहे दिव्यांग पटेल को रायपुर का नया पुलिस अधीक्षक (रेल) नियुक्त किया गया है। वहीं जशपुर के पुलिस अधीक्षक शशिमोहन सिंह को रायगढ़ का नया पुलिस अधीक्षक का दायित्व दिया गया है। 
विज्ञापन


रामगोपाल को पुलिस महानिरीक्षक दुर्ग रेंज से बिलासपुर रेंज भेजा गया है। अभिषेक शांडिल्य को पुलिस महानिरीक्षक राजनांदगांव रेंज से दुर्ग रेंज में स्थानांतरित किया गया है। उमेश प्रसाद गुप्ता को सेनानी 14वीं वाहिनी बालोद से पुलिस उपायुक्त रायपुर नगरीय के पद पर नियुक्त किया गया है। संदीप पटेल, जो सेनानी 16वीं वाहिनी नारायणपुर में थे, अब पुलिस उपायुक्त रायपुर पश्चिम रायपुर नगरीय के रूप में कार्य करेंगे। मयंक गुर्जर को सेनानी 15वीं वाहिनी दंतेवाड़ा से पुलिस उपायुक्त उत्तर रायपुर नगरीय की जिम्मेदारी सौंपी गई है। विकास कुमार, जो पुलिस अधीक्षक एसआईबी पुलिस मुख्यालय रायपुर में थे, अब पुलिस उपायुक्त ट्रैफिक एवं प्रोटोकाल रायपुर नगरीय होंगे। 

राजनाला स्मृतिक को पुलिस अधीक्षक एसटीएफ बघेरा से पुलिस उपायुक्त क्राइम एवं साइबर रायपुर नगरीय के पद पर स्थानांतरित किया गया है। श्वेता श्रीवास्तव, जो पुलिस अधीक्षक रायपुर रेल थीं, अब पुलिस अधीक्षक रायपुर ग्रामीण के रूप में कार्य करेंगी। ईशु अग्रवाल को नगर पुलिस अधीक्षक आजाद चौक रायपुर से पुलिस सहायक आयुक्त आजाद चौक रायपुर नगरीय की नई जिम्मेदारी दी गई है। इन नियुक्तियों से प्रदेश की कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने में मदद मिलेगी।


यहां देखें आदेश की कॉपी










रायपुर शहर में ये 21 पुलिस थाने शामिल
 रायपुर शहर के शहरी क्षेत्र के 21 पुलिस थानों को पुलिस कमिश्नरी के दायरे में शामिल किया गया है। इनमें सिविल लाइन, देवेंद्रनगर, तेलीबांधा, कोतवाली, गंज, मौदहापारा, गोलबाजार, पुरानी बस्ती, डीडीनगर, आमानाका, आजाद चौक, सरस्वती नगर, टिकरापारा, कबीर नगर, राजेंद्र नगर, मुजगहन (सेजबहार), उरला (बिरगांव नगर निगम क्षेत्र), खमतराई, गुढ़ियारी, पंडरी और खम्हारीडीह थाना क्षेत्र शामिल हैं।
विज्ञापन


रायपुर ग्रामीण में ये 12 पुलिस थाने शामिल
रायपुर ग्रामीण एरिया में 12 पुलिस थानों को पुलिस कमिश्नरी के दायरे में शामिल किया गया है। इसके लिये अलग से पुलिस अधीक्षक की तैनाती की गई है। ग्रामीण क्षेत्र में विधानसभा, धरसींवा, खरोरा, तिल्दा नेवरा, माना, मंदिर हसौद, आरंग, नवा रायपुर, राखी, अभनपुर, गोबरा नवापारा और उरला का नगर निगम से बाहर का क्षेत्र शामिल किया गया है।

अब कानून व्यवस्था होगी मजबूत
इस नई व्यवस्था के बाद राजधानी रायपुर में अब दो अलग-अलग पुलिस प्रशासनिक ढांचे काम करेंगे। एक शहरी क्षेत्र के लिए कमिश्नर प्रणाली के तहत और दूसरा ग्रामीण क्षेत्र के लिए एसपी के नेतृत्व में। सरकार का मानना है कि इससे कानून व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा और तेजी से निर्णय लिए जा सकेंगे।

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें