महासमुंद जिले में हाल ही में हुई बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की हजारों एकड़ धान की फसल को नष्ट कर दिया है। सिरपुर, झलप और पटेवा क्षेत्र के करीब 20 गांवों में पकी धान की बालियां ओलावृष्टि से बर्बाद हो गईं, जिससे किसान परेशान हैं। प्रभावित किसानों ने कलेक्टर से प्राकृतिक आपदा के नुकसान की भरपाई के लिए मुआवजे की मांग की है।
किसानों हीरालाल निषाद और माखन सेन ने बताया कि दो से तीन दिन तक चले खराब मौसम, आंधी-तूफान, बारिश और करीब 20 मिनट की ओलावृष्टि ने उनकी और सैकड़ों किसानों की रबी सीजन की फसल को तबाह कर दिया। उन्होंने बताया कि एक एकड़ धान की खेती पर 20 से 25 हजार रुपये का खर्च आता है, लेकिन इस आपदा के कारण लागत भी वसूल नहीं हो पाएगी।
किसानों ने एकजुट होकर कलेक्टर विनय कुमार लांगे से मुलाकात कर मुआवजे की गुहार लगाई। कलेक्टर ने बताया कि फसल नुकसान की शिकायत मिली है और तहसीलदार, आरआई व पटवारी को नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं। नियमों के अनुसार उचित समाधान किया जाएगा।