कोरबा जिले के सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत स्थित कार्बन फैक्ट्री में शनिवार दोपहर बायलर फटने से हड़कंप मच गया। ब्लास्ट के साथ ही फैक्ट्री के भीतर भीषण आग लग गई। घटना के समय फैक्ट्री में 30 से 40 मजदूर काम कर रहे थे। ब्लास्ट की आवाज सुनते ही मजदूरों में भगदड़ मच गई और सभी ने भागकर अपनी जान बचाई।
बता दें कि आग की लपटें इतनी तेज थीं कि पूरा इलाका काले धुएं से भर गया। धुएं के साथ केमिकल की तेज बदबू और जलन भी महसूस की जा रही थी। इससे आसपास के रहवासियों में दहशत फैल गई। सूचना मिलते ही नगर सेना की दमकल टीम मौके पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू किया।
आग पर काबू पाने के लिए करीब 3 घंटे तक लगातार मशक्कत करनी पड़ी। लगभग 8 दमकल वाहनों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। कूलिंग का काम भी लगातार जारी रखा गया ताकि आग दोबारा न भड़के। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने फैक्ट्री के आसपास के इलाके को तत्काल सील कर दिया। ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।
घटना की जानकारी मिलते ही कोरबा एसपी सिद्धार्थ तिवारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। उनके साथ प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। कोरबा एसपी सिद्धार्थ तिवारी ने बताया कि "घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। दमकल वाहन की मदद से आग पर काबू पाने का प्रयास किया गया। राहत की बात है कि अब तक किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं मिली है। सभी मजदूर सुरक्षित हैं।
कोरबा एसडीएम सरोज महिलांगे ने कहा कि आग कब, कैसे और किन परिस्थितियों में लगी, यह जांच का विषय है। फिलहाल आग पर काबू पा लिया गया है और आगे की कार्रवाई जारी है। फैक्ट्री प्रबंधन से भी जवाब मांगा जाएगा।
स्थानीय लोगों ने बताया कि इससे पहले भी इसी कार्बन फैक्ट्री में इस तरह की घटना घट चुकी है। बार-बार हो रही घटनाओं से लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि फैक्ट्री में सुरक्षा मानकों की अनदेखी की जा रही है।
फिलहाल पुलिस और प्रशासन ब्लास्ट के कारणों की जांच कर रहे हैं। प्रारंभिक तौर पर बायलर में तकनीकी खराबी या अत्यधिक प्रेशर के कारण ब्लास्ट होने की आशंका जताई जा रही है। फैक्ट्री में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जाएंगे। प्रशासन ने फैक्ट्री प्रबंधन को सुरक्षा मानकों को और सख्त करने के निर्देश दिए हैं।