कोरबा वनमंडल के पसरखेत रेंज में चल रहे कूप कटिंग का जबरदस्त विरोध देखने को मिल रहा है। कोलगा गांव के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और पेड़ों को काट रहे मजदूरों को मौके से खदेड़ने के साथ ही कुल्हाड़ी और काटे गए लकड़ी को जप्त कर लिया। ग्रामीणों का कहना है,कि उनकी सहमति के बिला कूप कटिंग का काम किया जा रहा है। इससे पहले भी वन विभाग के द्वारा किए जा रहे सर्वेक्षण का ग्रामीणों ने जमकर विरोध किया था।
कोरबा जिले के कोलगा गांव में रहने वाले ग्रामीण उस वक्त आक्रोशित हो उठे जब उनकी सहमति के बिला पसरखेत रेंज के जंगल में कूप कटिंग का काम किया जा रहा था। कूप कटिंग की जानकारी मिलते ही ग्रामीण मौके पर पहुंचे और कार्य का विरोध करते हुए लकड़ी काट रहे मजदूरों को मौके से भगा दिया। इतना ही नहीं उन्होंने कुल्हाड़ी और काटे गए लकड़ी को जप्त कर लिया। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद हैं और जंगल को बचाने के प्रयास में लगे हुए है। महिलाएं हाथों में लाटी लेकर तैनात हैं और किसी भी कीमत पर लकड़ी नहीं काटने देने की बात कह रहे है। सूचना मिलने के बाद वन विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कर रहे है। इस घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिती देखी जा रही है।
ग्रामीणों की माने तो कुछ दिनों पहले ही कूप कटिंग को लेकर विरोध किया गया था जिसमें डीएफओ समेत अधिकारी कर्मचारी मौजूद थे और लिखित आश्वासन दिया गया था कि बिना ग्रामीणों के अनुमति के पेड़ नहीं काटा जाएगा लेकिन चोरी चुपके पेड़ कटाई किया जा रहा था जिसका विरोध किया गया और पेड़ काट रहे लोगों से टांगी जप्त किया गया है। आने वाले समय में अगर फिर से पेड़ कटाई किया जाता है तो इसका पुरजोर विरोध करेंगे।