कोरबा में बालको थाना क्षेत्र ते तहत तराईदांड डकैती के मामले में पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है जहां इस मामले के बाद आरोपियों को पकड़ कर जब जिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल मुलाइजा कराने के लिए थे तब अस्पताल में काफी संख्या में आरोपियों के परिजन और ग्रामीण काफी संख्या में पहुंच गए और कार्यवाही और गिरफ्तारी को लेकर विरोध करने लगे उनका कहना है कि जिन्हें पड़ा है वह इस मामले में संलिप्त है ही नहीं उन्हें पड़कर जबरदस्ती फसाया जा रहा है और उनके साथ मारपीट की जा रहा है।
6 तारीख को यह घटना सामने आई थी। मकान मालिक शत्रुघ्न दास के घर पर देर रात 1:00 लगभग एक दर्जन से अधिक नकाबपोश लोग पीछे दरवाजा से पहुंचे जहां शत्रु खान दास के लगभग 11 सदस्यों को रस्सी और मुंह को बांधकर बंधक बनाया गया था और हथियार की नोक पर डेढ़ लाख रुपये नगदी और सोने चांदी की जेवरात ले जाने की बात सामने आई थी।
इस मामले में रोचक तथ्य यह रहा की डकैतों ने जब डकैती की इस दौरान शत्रुघ्न दास के घर पर उन्होंने उनसे कहा कि सौम्या चौरसिया का पैसा कहां रखा है बता दो नहीं तो मारे जाओगे। शत्रुघ्न दास की बेटी सौम्या चौरसिया के साथ रायपुर में रहकर पढ़ाई कर रही थी और उनके घर इनका आना जाना था इसे लेकर कई बातें सामने आई। आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस ने 50 लोगों की लगभग 5 टीम में बनाई गई थी जो अलग-अलग स्तर पर जांच कर रही थी इसके अलावा लगभग 100 सीसीटीवी कैमरे खाना खा पकड़े गए आरोपी कोरबा के अलावा जांजगीर चंपा शक्ति और बिलासपुर के रहने वाले है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतिश ठाकुर ने बताया कि बालकों में हुई डकैती के मामले में पुलिस ने 19 आरोपियो को पहले गिरफ्तार किया था जिनके कब्जे से चार पहिया वाहन के अलावा हथियार भी जब्त की गई थी इस मामले में तीन और आरोपियों को पाली थाना क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया है जिनके नाम लक्ष्मी नारायण श्याम, विनोद कुमार सलाम और अक्षय कुमार पावले कटघोरा निवासी को कार्यवाही करते हुए जेल दाखिल कर दिया गया है। इनके कब्जे से हथियार और लगती रकम भी बरामद किए गए हैं पुलिस इस मामले में और भी आरोपियों की तलाश कर रही है।