इस हादसे में इलेक्ट्रिक ऑटो चालक को मामूली छोटी आई है। चौक पर होटल चला रहे लूतन वर्मा ने बताया कि इस चौक पर अक्सर हादसे होते रहते हैं। कई लोगों की जान जा चुकी है। ठीक एक माह पहले एक बस की चपेट में आने से बाइक सवार की घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी। तिराहा होने के कारण यह घटना सामने आई थी। इस जगह पर स्टॉपर होना बहुत जरूरी है, नहीं तो और भी लोगों की जान जा सकती है।
नई दुकान के संचालक राकेश श्रीवास ने बताया कि पिछले कई वर्षों से इस जगह पर वह दुकान चला रहे हैं, अब तक कई लोगों की मौत हो चुकी है और कई लोग घायल हो गए हैं। इस मार्ग पर भारी वाहनों का दबाव है और इस चौक पर ब्रेकर होना बेहद जरूरी है।
इस मार्ग पर जिला मेडिकल कॉलेज, आरटीओ, तहसील के अलावा, पुलिस लाइन नगर सेवा कार्यालय और तीन निजी अस्पताल और दो विद्यालय संचालित हैं, जो महज एक किलोमीटर की दूरी पर ही है। ऐसे में इस जगह को यातयात विभाग या फिर नगर निगम को ध्यान आकर्षित कर चौक या ब्रेकर बनाया जाना चाहिए।