कोरबा जिले के हरदी बाज़ार गांव में एक ऐसी घटना घटी , जिसमें मानव और जीवों के बीच प्रेम भावना दिखी, दरअसल कोरबा जिले के हरदीबाजार गांव के दीपक टंडन के घर के कुएं में एक जहरीला अहिराज सांप गिरा हुआ था जिसको बचाने के उद्देश्य से पहले दिन घर वालों ने बाल्टी लटका दिया ताकि वो खुद से रस्सी के मदद से बाहर निकल जाए पर दूसरे दिन पुनःउठ कर सुबह देखा तो वो कुएं में ही तैरते मिला, जब घर वालों को समझ आगया कि इसका निकलना संभव नहीं है तो घटना की जानकारी तत्काल वाइल्डलाइफ रेस्क्यु टीम (नोवा नोवा ) दी गई। सूचना मिलते ही रेस्क्यूअर जितेंद्र सारथी ने अपनी टीम के साथ 34 किलोमीटर दूर हरदी बाज़ार पहुची।
गांव पहुंचने पर तय प्रोटोकॉल के तहत रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया,करीब आधे घंटे तक चले इस रेस्क्यू ऑपरेशन में सांप को बाल्टी के मदद से बाहर निकालने में कामयाबी मिली और आखिरकार सुरक्षित थैले में डाला गया। सफल रेस्क्यू के बाद घर वालों के साथ लोगों ने राहत की सांस ली।
जितेंद्र सारथी ने बताया यह सांप बेहद ही जहरीला होता हैं पर यह बहुत शांत होता हैं और अन्य सांपों को खाकर उनकी संख्या को नियंत्रण करता हैं और जैव विविधता में अपनी एहम भूमिका निभाता हैं, उसके पश्चात पंचनामा तैयार कर उसे सुरक्षित प्राकृतिक रहवास जंगल में छोड़ा गया।जितेंद ने बताया कि कुएं की गहराई लगभग 35 फिट था वही सांप की लंबाई 5 फिट था।
(अहिराज )वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 की अनुसूची–2 में संरक्षित प्रजाति है, इसको मारना, पकड़ना, बेचना या नुकसान पहुँचाना कानूनन अपराध है, ऐसे मामले में दोषी पाए जाने पर जुर्माना और सजा दोनों का प्रावधान है।