कबीरधाम जिले में संचालित एक निजी इथेनॉल कंपनी द्वारा अमानक पोटाश खाद निर्मित कर भोरमदेव सहकारी शक्कर उत्पादक कारखाना के माध्यम से बेचकर किसानों को लाखों का चूना लगाने का गंभीर मामला सामने आया है। दरअसल, जिस खाद को सहकारी शक्कर कारखाना ने किसानों को बेचा था, वहीं खाद जांच में अमानक पाया गया है। ऐसे में किसानों को नुकसान हुआ है। इसे लेकर कांग्रेस ने कार्रवाई की मांग किया है।
युवा कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष व पूर्व जिला पंचायत सदस्य तुकाराम चन्द्रवंशी ने कहा कि यह दुर्भाग्य का विषय है कि प्रदेश के डिप्टी सीएम के निर्वाचन क्षेत्र में एक निजी इथेनॉल कंपनी लंबे समय से सरकार के नाक के नीचे अमानक पोटाश खाद बनाकर बेचती रही। शासन-प्रशासन को इसको लगातार संरक्षण प्रदान करते रहे है। जब पोटाश खाद की जांच छग सरकार के फर्टिलाइजर क्वालिटी कंट्रोल लेबोरेटरी से कराई गई तो 14.5 प्रतिशत पोटाश के दावे के विपरीत पोटाश की मात्रा पहले नमूने में मात्र 1 प्रतिशत व दूसरे नमूने में मात्र 3.5 प्रतिशत पाई गई है।
तब इस पोटाश खाद को अमानक घोषित किया गया है। लेकिन, इस अमानक पोटाश खाद की बिक्री अभी भी जारी है। एक तरफ भाजपा की सरकार किसानों की आय दोगुनी करने व उनकी हितैषी बनने का ढोंग करती है, वहीं दूसरी तरफ किस ढंग से किसानो के खून पसीने की कमाई को लूटा जा रहा है। तुकाराम चन्द्रवंशी ने अमानक पोटाश निर्मित व विक्रय के मामले में शासन-प्रशासन से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने व किसानो को मुआवजा देने की मांग किया है।