राजनीति में आप का कितना और कैसा असर है यह अपनेआप में एक बहस है। लेकिन यह देखना दिलचस्प है कि आप को नकराते हुए भी भ्रष्टाचार विरोधी या सादगी की ओर बढ़ रही सरकारों की हकीकत क्या है?
भ्रष्टाचार विरोधी बातों और सादगी के चेहरे के पीछे काम कैसा हो रहा है? भ्रष्टाचार रोकने के लिए आप की सरकार से ठीक एक दिन पहले छत्तीसगढ़ सरकार ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए और शिकायतों के निपटारे का ऐलान किया।
लेकिन यह देखा जाए कि यह सरकारें इन नंबरों को लेकर किस तरह के दावें कर रही हैं और वह वाकई लोगों को कुछ फायदा पहुंचाएगी या नहीं।
छत्तीसगढ़ में यह नंबर सिर्फ एक नगरीय निकाय विभाग के लिए जारी किया गया है। दिल्ली में यह नंबर सभी विभागों के भ्रष्टाचार की शिकायतों को सुनेगा।
छत्तीसगढ़ में जो शिकायतें इन नंबरों पर की गई हैं उनमें 1200 शिकायतों में से महज 170 नगरीय निकाय की शिकायते हैं जिनमें से सिर्फ 65 को ही रजिस्टर किया जा सका है। दिल्ली का जायजा लें तो एक दिन में 4500 शिकायतें आई हैं जिनमें 38 शिकायतकर्ता स्टिंग को जारी भी हो गए हैं।
छत्तीसगढ़ में नंबर जारी किए गए हैं लेकिन अभी यह नहीं पता है कि इन शिकायतों का निराकरण कैसे होगा? दिल्ली में शिकायतों का निराकरण कितना होगा ये तो आने वाला समय बताएगा लेकिन फिलहाल सरकार ने यह दावा किया है कि सचिवालय के सामने हर शनिवार को सारे मंत्री बैठकर लोगों की बात सुनेंगे।
छत्तीसगढ़ में दिए गए कॉल सेंटर की जानकारी को सार्वजनिक किया गया है वहीं दिल्ली में इस तरह की सभी जानकारियों को गुप्त रखा गया है।
छत्तीसगढ़ में इस तरह की शिकायतों के लिए सुबह 10 से शाम 6 बजे तक का समय निर्धारित किया गया है वहीं दिल्ली में सुबह 8 से रात 10 बजे तक शिकायतें दर्ज करवा सकने का दावा किया जा रहा है।