फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

CG: कृषि से पशुपालन तक महिलाएं निभा रहीं जिम्मेदारी, आजीविका मिशन से बदली जिंदगी; राज्यपाल ने की मुलाकात

Fri, 30 May 2025 10:41 PM IST
श्याम जी. अमर उजाला नेटवर्क, बालोद

सार

राज्यपाल रामेन डेका ने बालोद में स्व-सहायता समूहों की महिलाओं से उनके आजीविकामूलक कार्यों और जल संरक्षण प्रयासों की जानकारी ली। उन्होंने महिलाओं के आर्थिक योगदान और जिले के प्रगतिशील विकास की सराहना की।
विज्ञापन
राज्यपाल रामेन डेका ने स्व-सहायता समूह की महिलाओं के साथ बैठक की - फोटो : अमर उजााल
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

तांदुला जलाशय के ईको टूरिज्म रिसॉर्ट में राज्यपाल रामेन डेका ने स्व-सहायता समूहों के साथ बैठक की, जहां पर उन्होंने सहायता समूह के महिलाओं से चर्चा कर उनके द्वारा किए जा रहे आजीविकामुलक कार्यों के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने कहा देश एवं प्रदेश के अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ बनाने में महिलाओं का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। बालोद पहले पिछड़ा हुआ करता था, अब प्रगतिशील जिला है। केंद्र और राज्य बेहतरीन कोऑर्डिनेशन के साथ काम कर रहे हैं।

विज्ञापन


इस दौरान उन्होंने जिले के सभी पांचों विकासखंड से उपस्थित सभी 22 स्व-सहायता समूह की महिलाओं से बारी-बारी से बातचीत कर उनके द्वारा किए जा रहे विभिन्न आजीविकामूलक गतिविधियों के संबंध में विस्तार से जानकारी ली। इस दौरान राज्यपाल ने जिले के महिलाओं के राष्ट्रीय आजीविका मिशन बिहान के अंतर्गत स्व सहायता समूह से जुड़ने के पश्चात् उनके आर्थिक स्थिति में आशातीत सुधार एवं जीवन स्तर बेहतर होने पर जिले के स्व-सहायता समूह के कार्यों की सराहना की।

कृषि से लेकर पशुपालन में अव्वल महिलाएं
इस दौरान राज्यपाल ने जिले के 22 स्व-सहायता समूह के कुल 40 महिलाओं से बारी-बारी से बातचीत कर उनके द्वारा व्यक्तिगत एवं सामूहिक स्तर पर किए जा रहे आजीविकामूलक गतिविधियों के संबंध में विस्तार से जानकारी प्राप्त की। इस अवसर पर महिलाओं के द्वारा मछली पालन, पशुपालन, कृषि कार्य एवं गैर कृषि कार्य के संबंध में अपने अनुभव एवं उससे अर्जित वार्षिक आय की जानकारी दी गई। इस दौरान स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने जिला प्रशासन द्वारा भविष्य में आने वाली जल संकट से निपटने हेतु जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे जल जतन अभियान में भी अपनी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने की जानकारी दी।
विज्ञापन


पानी के संरक्षण के लिए कर रहे कार्य
स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने बताया कि उनके द्वारा प्रत्येक घरों में जाकर पानी के एक-एक बूंद का सदुपयोग करने तथा जल संरक्षण के उपायों की भी जानकारी दी जा रही है। इसके अलावा किसानों को धान के बदले अन्य फसल का उत्पादन के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इस अवसर पर स्व-सहायता समूह की महिला निशा गायकवाड़ ने राष्ट्रीय आजीविका मिशन के अंतर्गत हस्तशिल्प का कार्य, दानेश्वरी साहू ने सेनेटरी पैडबनाने, चित्रलेखा साहू ने ड्रोन के माध्यम से किसानों के खेतों में खाद एवं कीटनाशक दवाइयों का छिड़काव, सती साहू ने कृषि मित्र का कार्य, सुहागा विश्वकर्मा ने मछली पालन का व्यवसाय, आनंदी विश्वकर्मा ने बकरी पालन, अंजू टेकाम ने मुर्गी पालन, प्रेमवती देवांगन ने मशरूम उत्पादन आदि के संबंध में सभी महिलाओं ने बारी-बारी से जानकारी दी। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें