सीसी रोड के निर्माण में बाल मजदूरी
- फोटो : अमर उजाला
वैसे तो बाल मजदूरी को एक अभिशाप माना गया है और बाल मजदूरी रोकने के लिए शासन के द्वारा कड़े कानून भी बनाए गए हैं पर उसके बाद भी अगर कोई जवाबदार शासकीय सेवक के द्वारा बाल मजदूरी कराई जाए तो फिर क्या कहेंगे। हालांकि जवाबदार अधिकारी बाल मजदूरी को गंभीर मामला बतलाते हुए दोषियों पर कार्यवाही की बात कह रहे है।
मामला पेंड्रा जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत बम्हनी का है जहां पर बीते दिनों ग्राम पंचायत के द्वारा आवासपारा आंगनबाड़ी से लेकर बम्हनी मुख्य बस्ती पहुच मार्ग पर सीसीरोड का निर्माण कार्य हुआ पर तीन माह में ही यह सड़क भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ने कारण पूरी तरह उखड़ गई जिसके बाद ग्राम पंचायत सचिव सरपंच के द्वारा गुपचुप तरीके से इस घटिया निर्माणकार्य और भ्रष्टाचार को छुपाने के लिए सड़क के ऊपर फिर से बारीक गिट्टी का लेप चढ़ाया जा रहा है।
मामले की जानकारी मिलने पर जब हम मौके पर पहुचे तो सड़क निर्माण के लिए आवासपारा के पास डंप गिट्टी लाने के लिए ट्रैक्टर लगा हुआ था और ट्रैक्टर में 3 बाल मजदूर मजदूरी करते हुए अपने से भारी भारी गिट्टी को तसला से लोड करते मिले बच्चो से जब हमने बात की तो बच्चो का कहना है कि ग्राम पंचायत के सचिव ने उन्हें काम में रखा है और वो सीसीरोड का निर्माणकार्य करवा रहा है । जो बच्चे गिट्टी को ट्रैक्टर में लोड कर रहे थे उसमे कृष्णा जो सातवी कक्षा में पढ़ाई करता था,वही दूसरा बच्चा सत्यम जो छठवीं क्लास में पढ़ाई करता है तो अभिनय नवमी क्लास में पढ़ाई करता है। हालांकि इस तरह शासकीय निर्माणकार्य घटिया निर्माणकार्य व बच्चो से बाल मजदूरी करवाने के मामले में जब हमने जिला पंचायत सीईओ को जानकारी दी तो उन्होंने मामले को गंभीर बतलाया और जांच टीम मौके पर भेजकर जांच करवाने और कार्यवाही करने की बात कही है।