दुर्ग जिले में लगातार हो रही बारिश से जनजीवन अस्त व्यस्त है। बारिश से कई जगह पर बाढ़ की स्थिति बनी हुई है इसी कड़ी में थनौद में भारत माला परियोजना में काम करने वाले मजदूर और उनके परिवार बाढ़ में फंस गए जिन्हे एसडीआरएफ की टीम ने मोटर बोट की सहायता से सभी 32 लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित बाहर निकला गया।
बाढ़ प्रभावित गांवों को किया गया अलर्ट
दुर्ग के शिवनाथ नदी महमरा एनीकट के ऊपर 6 से 7 फीट पानी बह रहा है। नदी के जल स्तर में लगातार बढ़ रहे है जिसे लेकर जिला प्रशासन द्वारा शिवनाथ नदी तट के सभी गांव के लोगों को अलर्ट रहने को हिदायत दी गई है शिवनाथ नदी के किनारे बाढ़ प्रभावित क्षेत्र झोला, भोथली, रूदा, खाड़ा, चंगोरी, थनौद, पीसेगांव, महमरा, पुलगांव, कोसमी, मोहलई, नगपुरा, मालूद, बेलौदी, पीपरछेड़ी, झेंझरी, हटगांव, गनियारी, सहगांव पर जिला प्रशासन अपनी नजर बनाई हुई है वही राजनांदगांव जिले के मोंगरा बैराज और घुमरिया बैराज से पिछले दिनों 60 हजार क्यूसेक पानी शिवनाथ नदी में छोड़ा गया था।
जिले में तहसीलवार बारिश के आंकड़े
जिले में 1जून से अब तक 272.7 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है। जानकारी के अनुसार अब तक सबसे से अधिक वर्षा 393.9 मिमी पाटन में और सबसे कम 217.4 मिमी भिलाई 3 में दर्ज की गई है। इसके अलावा दुर्ग में 242.7 मिमी, धमधा में 226.2मिमी,बोरी में 229.0 मिमी और अहिवारा में 104.1 मिमी वर्षा दर्ज की गई है।