डायल 112 के कंट्रोल रूम में मिला आरक्षक का शव
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छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले से एक हैरान कर देने वाली खबर सामने आ रही है। जिले के रुद्री थाना क्षेत्र में आपातकालीन सेवा डायल 112 में तैनात एक आरक्षक की संदिग्ध परिस्थितियों में मृत्यु हो गई है। आरक्षक का शव रुद्री थाने के पास ही स्थित डायल 112 के कंट्रोल रूम में मिला है।
इस घटना की जानकारी मिलते ही पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। फिलहाल आरक्षक की मौत किन कारणों से हुई है, इसकी वास्तविक वजह सामने नहीं आ सकी है।मिली जानकारी के अनुसार, मृतक आरक्षक की पहचान ओंकार सोनवानी के रूप में की गई है, जो मूल रूप से कुरुद के ग्राम बंगोली के निवासी थे। आरक्षक ओंकार सोनवानी की ड्यूटी डायल 112 कंट्रोल रूम में लगी हुई थी और वे हमेशा की तरह अपनी नाइट ड्यूटी के लिए तैनात थे।बताया जा रहा है कि रात करीब 8 से 8:30 बजे के बीच, कंट्रोल रूम के भीतर ही ओंकार अचानक अचेत और बेसुध अवस्था में पाए गए। उन्हें इस हालत में देख वहां मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों के हाथ-पांव फूल गए।
सहयोगियों ने बिना वक्त गंवाए तत्काल उन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल धमतरी पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद आरक्षक ओंकार सोनवानी को मृत घोषित कर दिया।ड्यूटी के दौरान एक आरक्षक की इस तरह अचानक हुई संदिग्ध मौत की खबर जैसे ही आला अधिकारियों तक पहुंची, पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी तुरंत मौके पर रवाना हुए। अधिकारियों ने रुद्री स्थित घटनास्थल का बारिकी से जायजा लिया है।
पुलिस ने इस पूरे मामले की जांच हर एक संभावित एंगल से शुरू कर दी है। घटनास्थल (कंट्रोल रूम) से जुड़े तमाम वैज्ञानिक और भौतिक साक्ष्यों को जुटाया जा रहा है। इसके साथ ही, घटना से ठीक पहले आरक्षक की मानसिक व शारीरिक स्थिति कैसी थी, ड्यूटी के दौरान की क्या परिस्थितियां थीं और क्या वे किसी तनाव या बीमारी से जूझ रहे थे—इन सभी पहलुओं पर उनके साथी पुलिसकर्मियों से बारीकी से पूछताछ कर जानकारी ली जा रही है।
पुलिस विभाग का कहना है कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। पोस्टमार्टम की विस्तृत मेडिकल रिपोर्ट सामने आने और आवश्यक वैधानिक जांच पूरी होने के बाद ही आरक्षक की मौत की वास्तविक और सटीक वजह स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल रुद्री थाना पुलिस मर्ग कायम कर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुट गई है। इस दुखद घटना से जिले के पुलिस बल और उनके गृहग्राम बंगोली में शोक की लहर है।