छत्तीसगढ़ में 14 नवंबर से समर्थन मूल्य पर राज्य सरकार द्वारा किसानों से धान खरीदी की जा रही है। वहीं धान बेचने के लिए टोकन तुंहर हाथ एप के माध्यम से किसान स्वयं टोकन काट कर धान बेचने खरीदी केंद्र में अपने उपज को लेकर जाते हैं।
छत्तीसगढ़ में 14 नवंबर से समर्थन मूल्य पर राज्य सरकार द्वारा किसानों से धान खरीदी की जा रही है। वहीं धान बेचने के लिए टोकन तुंहर हाथ एप के माध्यम से किसान स्वयं टोकन काट कर धान बेचने खरीदी केंद्र में अपने उपज को लेकर जाते हैं। लेकिन टोकन तुंहर हाथ एप में टोकन काटने में किसानों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है जिसके चलते किसान धान नहीं भेज पा रहे हैं।
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धमतरी में कांग्रेसियों के द्वारा कलेक्टर को ज्ञापन सौंप कर ऑफलाइन टोकन काटने की सुविधा देने की मांग जिला प्रशासन से किया गया है। धमतरी विधायक का कहना है कि टोकन तुंहर हाथ एप में तकनीकी समस्या के चलते अधिकांश किसान धान नही बेच पाए है और इस ऐप के कारण से किसानों को काफी परेशानी हो रही है। इसके साथ ही कांग्रेसियों ने धमतरी जिले में हो रहे अवैध प्लाटिंग और रेत के अवैध उत्खनन साथ ही बढ़ते अपराध को लेकर भी ज्ञापन सौंपा है। अवैध कार्यों पर तत्काल रोक लगाने की मांग की गई है।
बहरहाल धमतरी कलेक्टर का कहना है कि किसानों की सुविधा को देखते हुए अब 60% ऑनलाइन और 40% ऑफलाइन टोकन काटने की सुविधा समितियां को प्रदान किया गया है।साथ ही कहा कि अवैध प्लाटिंग और अवैध रेत उत्खनन पर भी लगातार कार्रवाई की जा रही है।