राज्य स्तरीय निरीक्षण दल का औचर निरीक्षण
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खरीफ मौसम में किसानों को गुणवत्तायुक्त बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कार्रवाई हुई है। राज्य स्तरीय निरीक्षण दल ने मेसर्स पान सीड्स प्रा. लि. के परिसर का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान बीज वितरण व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।
संचालक कृषि राहुल देव के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई। संचालनालय कृषि और जिला स्तरीय अधिकारियों की संयुक्त टीम ने निरीक्षण किया। निरीक्षण में विभिन्न अनियमितताएं सामने आईं। लगभग 75 हजार बोरी धान बीज के विक्रय, आपूर्ति और उपयोग पर तत्काल प्रतिबंध लगाया गया है। फर्म को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
उन्हें तीन दिवस के भीतर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश मिले हैं। कंपनी ने बीजों की ग्रेडिंग, प्रोसेसिंग और पैकेजिंग संबंधी जानकारी जिला कार्यालय को नहीं दी थी। लाइसेंस में स्वीकृत किस्मों के अतिरिक्त अन्य किस्मों के बीजों का भंडारण भी पाया गया। पैकेजिंग सामग्री के उपयोग और वितरण में भी अनियमितताएं मिलीं। ये अनियमितताएं किसानों के हितों के लिए गंभीर चिंता का विषय हैं।
परिसर में उपलब्ध कच्चे और ग्रेडेड धान बीज पर रोक लगाई गई। समस्त पैकेजिंग सामग्री के विक्रय, आपूर्ति और उपयोग पर भी प्रतिबंध लगा। पैक्ड धान बीज के नमूने परीक्षण के लिए राज्य बीज परीक्षण प्रयोगशाला भेजे गए हैं। यह कदम किसानों के हितों की सुरक्षा के लिए उठाया गया है।
कृषि विभाग की चेतावनी
कृषि विभाग ने स्पष्ट किया कि गुणवत्तापूर्ण बीजों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। बीज अधिनियम और नियमों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा। इस प्रकार की निरीक्षण और प्रवर्तन कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले संस्थानों के विरुद्ध नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।