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'पत्रकार मुकेश के जिंदा रहते और मरने के बाद भी कांग्रेस ने किया बहिष्कार': बीजेपी बोली- कांग्रेसी मना रहे जश्न

Tue, 07 Jan 2025 03:56 PM IST
ललित कुमार सिंह अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर

सार

BJP on Bijapur Journalist Mukesh Chandrakar Murder Case: छत्तीसगढ़ बीजेपी ने पत्रकार मुकेश चंद्राकर हत्याकांड मामले को लेकर कांग्रेस पर तीखा हमला किया है। 
 
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बीजेपी प्रदेश महामंत्री संजय श्रीवास्तव ने प्रेस ब्रीफ में लगाया आरोप - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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BJP on Bijapur Journalist Mukesh Chandrakar Murder Case: छत्तीसगढ़ बीजेपी ने पत्रकार मुकेश चंद्राकर हत्याकांड मामले को लेकर कांग्रेस पर तीखा हमला किया है। बीजेपी ने कहा कि बस्तर में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज के दौरे के दौरान कांग्रेसियों ने उनका गर्जजोशी से स्वागत किया। बैज खुद को लड्डुओं से तौलवा रहे थे। आतिशबाजी करवा रहे थे। ढोल-नगाड़े बजवा रहे थे। खुद पर फूलों की बारिश करवा रहे थे। नारेबाजी हो रही थी। कांग्रेस की ओर से बहिष्कृत पत्रकार दिवंगत मुकेश चंद्रकार की हत्या के बाद जश्न मना रहे थे। कांग्रेसी नेता अंतिम संस्कार में शामिल नहीं हुए,लेकिन जश्न मनाते भी उन्हें शर्म नहीं आई।
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बीजेपी प्रदेश महामंत्री संजय श्रीवास्तव ने प्रेस ब्रीफ में एक लेटर को दिखाते हुए कहा कि 29 अप्रैल 2024 को कांग्रेस ने जिला कांग्रेस कमेटी जिला बीजापुर के लेटरपेड में पत्र निकाल कर दिवंगत पत्रकार मुकेश चंद्रकार पर झूठे आरोप लगाकर सार्वजनिक रूप से उन्हें अपमानित कर उनका बहिष्कार करने का एलान किया था।

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भाजपा प्रदेश महामंत्री श्रीवास्तव ने कहा कि 4 जनवरी 2025 को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का तय कार्यक्रम जारी किया गया था, उसमें उनका रात्रि विश्राम कांकेर यानी कि बस्तर ही था। वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज भी इसी तारीख को जगदलपुर (बस्तर) में थे। उसके बावजूद ये दोनों नेता मुकेश चंद्रकार की अंतिम यात्रा में शामिल नहीं हुए और न ही कांग्रेस का कोई बड़ा नेता उनके अंतिम संस्कार में शामिल हुआ। कांग्रेस ने एक सच्चे पत्रकार का जीवित रहते भी बहिष्कार किया और मृत्यु के बाद भी बहिष्कार किया। इससे बड़ी शर्मनाक बात और क्या हो सकती है? लोकतंत्र और लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के प्रति कांग्रेस की सोच क्या है, यह फिर से प्रमाणित हुआ। 



श्रीवास्तव ने कहा कि इससे भी अधिक शर्मनाक और क्या हो सकता है कि एक तरफ बस्तर गमगीन था दूसरी ओर कांग्रेस जश्न मना रही थी। मुकेश चंद्रकार की निर्ममता से हत्या के बाद जहां बस्तर सहित पूरा छत्तीसगढ़ शोकमग्न था, बस्तर में मुकेश चंद्रकार को अंतिम विदाई देने सभी लोगों ने स्वस्फूर्त अपने व्यावसायिक प्रतिष्ठान भी बंद कर रखे थे। वहीं उसी बस्तर में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज खुद को लड्डुओं से तुलवा रहे थे। आतिशबाजी करवा रहे थे, ढोल-नगाड़े बजवा रहे थे, खुद पर फूलों की बारिश करवा रहे थे, नारेबाजी हो रही थी। कांग्रेस में मानो कांग्रेस नेता द्वारा कांग्रेस द्वारा बहिष्कृत पत्रकार स्व. मुकेश चंद्रकार की हत्या के बाद जश्न का माहौल नजर आ रहा था। कांग्रेसी नेता अंतिम संस्कार में तो शामिल नहीं हुए, लेकिन यह जश्न मनाते भी उन्हें शर्म नहीं आई।
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श्रीवास्तव ने कहा कि इससे अमानवीय, संवदेनहीन, निर्मम, नृशंस, निर्दयतापूर्ण, असभ्य, अशालीन, असामाजिक, कुकृत्य-दुष्कृत्य, जितने भी खराब शब्द हो सकते हैं। वे सारे शब्द कांग्रेस की राजनीतिक अपसंस्कृति के आगे बौने हैं। कांग्रेस पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि  कांग्रेस ने अब तक एक सच्चे पत्रकार को अपमानित करने के लिए माफी नहीं मांगी है। इससे शर्मनाक दृश्य किसी भी प्रदेश के राजनीतिक इतिहास में देखा नहीं गया है। बेशर्मी की पराकाष्ठा तो यह है कि युवा पत्रकार की निर्ममता से हत्या करने वाले कांग्रेस नेता सुरेश चंद्रकार को अब तक कांग्रेस पार्टी ने निष्कासित तक नहीं किया है। 

मुकेश चंद्रकार ने साथ तीन और पत्रकारों को कांग्रेस ने बहिष्कृत किया था क्या उनकी जान को खतरा हो सकता है, क्या भाजपा उन्हें सुरक्षा देगी के सवाल पर कहा कि कुछ राष्ट्रीय पत्रकारों के भी एक्स पोस्ट सामने आए हैं, जिसमें उन्होंने यह अंदेशा जताया है कि एक पत्रकार के कांग्रेस द्वारा बहिष्कार के बाद उसकी हत्या कांग्रेस नेता ने करवाई है तो यह बेहद गंभीर मामला है। इन पत्रकारों की सुरक्षा की मांग होने पर सरकार जरूर उन्हें सुरक्षा देगी। इस दौरान प्रेस ब्रीफ में प्रदेश भाजपा मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी उपस्थित रहे।
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