छत्तीसगढ़ के शहरों को आधुनिक, सुंदर और रहने योग्य बनाने के लिए राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना तेजी से आगे बढ़ रही है। इस योजना के अंतर्गत पहले चरण में 14 नगर निगमों को शामिल किया गया है और अब तक 13 नगर निगमों में 429 करोड़ 45 लाख रुपए के 26 बड़े कार्यों को स्वीकृति मिल चुकी है। इनमें मरीन ड्राइव विस्तार, ऑक्सीजोन-कम-स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, अंतरराज्यीय बस टर्मिनल, हाइटेक बस स्टैंड, ऑडिटोरियम, जलप्रदाय व्यवस्था सुदृढ़ीकरण, रिवरफ्रंट, गौरव पथ, सड़क चौड़ीकरण और बाइपास जैसी प्रमुख परियोजनाएं शामिल हैं। इस योजना के लिए 2025-26 में 500 करोड़ रुपए का बजट निर्धारित किया गया है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि यह योजना शहरों के अधोसंरचना विकास के लिए एक बड़ा कदम है। शहरों के सतत विकास और नागरिक केंद्रित समाधानों को ध्यान में रखकर इसे तैयार किया गया है। योजना से शहरों की सूरत और सीरत दोनों बदलेगी। उपमुख्यमंत्री और नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव ने कहा कि यह परियोजना शहरों की बढ़ती आवश्यकताओं के अनुरूप आइकॉनिक और मिसाल बनने वाले कार्यों पर केंद्रित है। चरणबद्ध तरीके से इसे सभी नगरीय निकायों में लागू किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि योजना के तहत सड़क चौड़ीकरण, फ्लाईओवर, अंडरपास, सर्विस रोड, बाइपास निर्माण, सीवरेज नेटवर्क, जलप्रदाय योजना, उद्यान विकास, पर्यटन स्थलों का विकास, रिवरफ्रंट डेवलपमेंट जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। कई नगर निगमों में पांच कार्यों का भूमिपूजन किया जा चुका है और कुछ के लिए कार्यादेश भी जारी किए गए हैं।
योजना की प्रगति पर निगरानी के लिए जिला स्तरीय समिति गठित की गई है जिसकी अध्यक्षता कलेक्टर करेंगे। संबंधित नगर निगम का आयुक्त समिति का सदस्य-सह-सचिव रहेगा। लोक निर्माण विभाग तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता सदस्य बनाए गए हैं।
रायपुर नगर निगम में 91 करोड़ 27 लाख रुपए के चार बड़े कार्य मंजूर किए गए हैं, जिनमें रोड जंक्शन विकास, जलापूर्ति व्यवस्था सुदृढ़ीकरण, महादेव घाट पुनरुद्धार और टेक्निकल टॉवर का निर्माण शामिल है। रायगढ़ में 64 करोड़ 66 लाख रुपए की लागत से मरीन ड्राइव विस्तार, ऑक्सीजोन-कम-स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और अंतरराज्यीय बस स्टैंड का उन्नयन कार्य स्वीकृत किया गया है।
बिलासपुर में 57 करोड़ 92 लाख रुपए की लागत से नौ कार्यों की मंजूरी दी गई है, जिनमें सड़क चौड़ीकरण, अटल पथ विकास, तालाब सौंदर्यीकरण, सीसी रोड और नाली निर्माण तथा स्ट्रीट लाइट निर्माण के कार्य शामिल हैं। कोरबा में 36 करोड़ 55 लाख रुपए की लागत से गौरव पथ निर्माण को स्वीकृति मिली है।
धमतरी में 24 करोड़ 64 लाख रुपए से हाइटेक बस स्टैंड और ऑडिटोरियम का निर्माण होगा। जगदलपुर में लगभग 20 करोड़ रुपए से सड़क चौड़ीकरण और दलपत सागर सौंदर्यीकरण का काम किया जाएगा। बीरगांव में नाला निर्माण और सड़क विकास के लिए 24 करोड़ 75 लाख रुपए की मंजूरी मिली है।
चिरमिरी नगर निगम में 14 करोड़ 84 लाख रुपए की लागत से बाइपास निर्माण, सड़क चौड़ीकरण और सौंदर्यीकरण कार्यों को स्वीकृति दी गई है। अंबिकापुर में पुष्पवाटिका पार्क विकास और मां महामाया कॉरीडोर के लिए 13 करोड़ 99 लाख रुपए मंजूर किए गए हैं। भिलाई-चरोदा में केनाल रोड निर्माण के लिए 29 करोड़ 43 लाख रुपए स्वीकृत किए गए हैं, वहीं रिसाली में तीन प्रमुख सड़कों के विकास और चौड़ीकरण के लिए 17 करोड़ 33 लाख रुपए की मंजूरी दी गई है। नगर प्रशासन विभाग का कहना है कि मुख्यमंत्री नगरोत्थान योजना आने वाले समय में छत्तीसगढ़ के शहरी ढांचे को नई पहचान देगी और शहरों को अधिक सुविधाजनक, आकर्षक और जीवंत बनाकर विकास की नई दिशा तय करेगी।