छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले काे नक्सलमुक्त घोषित किए जाने के बाद से जिले में सुरक्षा बलों की ओर से लगातार सर्चिंग अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान जिले के ग्राम कदेर के पास जंगल में छिपाकर रखा गया नक्सलियों का डंप भारी संख्या में बरामद हुआ है। बीएसएफ की 133वीं वाहिनी की टीम ने आज शनिवार काे कदेर के पास जंगल में जमीन में छिपाकर रखे गए हथियार, विस्फाेटक, संचार उपकरण, इलेक्ट्रानिक सामग्री, चिकित्सा सामग्री, नक्सल साहित्य और अन्य दैनिक सामग्री की गई है।
बरामद 44 बीजीएल शेल को सुरक्षा की दृष्टि से बम निरोधक दस्ते (बीडीएस) ने मौके पर ही सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय कर नष्ट कर दिया। इसकी पुष्टि नारायणपुर एसपी संदीप कुमार पटेल ने की है।
बीएसएफ की 133वीं वाहिनी ने दिया कार्रवाई को अंजाम
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार , बीएसएफ की 133वीं वाहिनी सोनपुर की टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि कदेर के जंगल में नक्सलियों ने बड़ी मात्रा में सामग्री छिपाकर रखा है। सर्चिंग के दाैरान बम निरोधक दस्ते ने सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए संदिग्ध स्थान की जांच की। खुदाई के दौरान जमीन के भीतर से हथियार और अन्य नक्सल सामग्री बरामद की गई।
जारी रहेगा अभि्यान
सुरक्षा कारणों से बरामद 24 बड़े और 20 छोटे कुल 44 बीजीएल शेल को बीडीएस ने मौके पर ही निष्क्रिय कर डिफ्यूज कर दिया, इसलिए इन्हें जब्ती सूची में शामिल नहीं किया गया है। पुलिस ने बताया कि बरामद अन्य सामग्री के संबंध में वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। नक्सलमुक्त क्षेत्रों में सुरक्षा बलों का सर्चिंग अभियान लगातार जारी रहेगा, ताकि नक्सलियों के पूर्व में छिपाकर रखे गए हथियार, विस्फोटक और अन्य सामग्री की बरामदगी सुनिश्चित हो सके। साथ ही क्षेत्र में स्थायी शांति और सुरक्षा बरकरार रहे।
ये हथियार बरामद
- एक 303 राइफल
- छह 315 राइफल
- एक 12 बोर बंदूक
- दो बीजीएल
- विभिन्न प्रकार के 179 कारतूस
- 303 राइफल की मैगजीन
- आरएफ डिटेक्टर
- एंटीना
- आइडी आपरेटिंग मैकेनिज्म
- जीपीएस
- नक्सली वर्दी
- नक्सली बैनर-फोटो
- नक्सली साहित्य
- चिकित्सा सामग्री
- जनरेटर मैनुअल
- छह पेन ड्राइव
- 78 मेमोरी कार्ड
- अन्य दैनिक उपयोगी सामग्री