आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण करने पहुंची मंत्री राजवाड़े
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इन दिनों छत्तीसगढ़ की महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े फुल एक्शन में हैं। प्रदेश का दौरा कर लगातार कार्रवाईयां कर रही हैं। इसी क्रम में वो कांकेर जिले के ग्राम दरगाहन में आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण करने पहुंची। इस दौरान कमियां पाए जाने पर अधिकारियों और कर्मचारियों पर भड़कते हुए जमकर फटकार लगाई। उन्होंने कहा कि बच्चों की देखरेख में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पिछले दिनों धमतरी और कांकेर जिलों में आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण कर इस प्रतिबद्धता को दोहराया। उन्होंने कहा कि विष्णु के सुशासन में लापरवाही कतई बर्दाश्त नहीं की जायेगी।
मंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य बच्चों और महिलाओं के कल्याण के लिए योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही को बख्शा नहीं जाएगा। निरीक्षण के बाद समीक्षा बैठक में राजवाड़े ने विभागीय अधिकारियों से योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी ली और जरूरी दिशा-निर्देश दिए। बैठक में संचालक महिला एवं बाल विकास पदुम सिंह एल्मा, संचालक समाज कल्याण रोक्तिमा यादव, परियोजना अधिकारी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका सहित कई लोग उपस्थित रहे।
केंद्रों को सुबह 7 से 11 बजे तक खोलने के निर्देश
धमतरी जिले के ग्राम तेलिनसत्ती में आंगनबाड़ी केंद्र क्रमांक-2 का दौरा करते हुए राजवाड़े ने बच्चों को दी जा रही सुविधाओं का जायजा लिया। उन्होंने बच्चों के साथ फर्श पर बैठकर खेल-खेल में परिचय किया, उनके नाम पूछे और चॉकलेट बांटी। बच्चों से नाश्ता व भोजन के बारे में जानकारी लेते हुए उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्धारित समय पर भोजन और नाश्ता देने के निर्देश दिए। पोषक आहार की गुणवत्ता सुनिश्चित करने, गर्मी को देखते हुए पीने का पानी और ओआरएस की व्यवस्था करने और केंद्रों को सुबह 7 से 11 बजे तक खोलने के निर्देश भी दिए। मंत्री ने बच्चों को खेल-खेल में व्यवहारिक ज्ञान देने, पढ़ाई पर ध्यान देने और साफ-सफाई का महत्व सिखाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों को बच्चों के लिए सुरक्षित, सुविधायुक्त और अनुकूल बनाया जाए।