छत्तीसगढ़ के बिलासपुर से एक मामला सामने आया है जिसमें बकरियों को अदालत में पेश करने का आदेश दिया गया। इस मामले में एक पुलिस अधिकारी के खिलाफ वारंट भी जारी किया गया है।
बिलासपुर के सीपत में सुखसागर नाम के शख्स ने दिलहरण को एक बकरी दी थी लेकिन बाद में दिलहरण ने बकरी वापस करने से इंकार कर दिया।
सुखसागर ने सीपत थाने में रिपोर्ट लिखवा दी। पुलिस ने धारा 406 में मामला दर्ज किया औऱ आठ बकरियां जब्त कीं लेकिन थाने में रखने का इंतजाम ना होने के कारण गिरीश, अशोक और सुखसागर को सुपुर्दगी में दे दीं।
सुनवाई के दौरान विशेष न्यायाधीश चंद्रकुमार कश्यप ने बकरियों को अदालत में पेश करने का आदेश दिया, लेकिन बकरियों को कोर्ट में पेश नहीं किया गया।
पिछली सुनवाई में सुपुर्ददारों से कहा गया कि वे एक जुलाई को कोर्ट में पेश हों। इस सुनवाई में सुपुर्ददार सुख सागर ने अदालत में शिकायत पत्र दिया कि उसे 4 बकरियां मिली थीं जिनमें से एक बकरी दिलहरण जबरदस्ती ले गया, दो बकरी मर गईं और एक लापता हो गईं।
न्यायालय ने सीपत टीआई को शिकायत पर जांच कर जवाब देने के लिए एक अगस्त को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया है।