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लाल पानी का संकट: बीजापुर में NMDC के खिलाफ ग्रामीणों की पदयात्रा, MLA की अगुवाई में 45 गांवों ने उठाई आवाज

Thu, 18 Sep 2025 07:51 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, बीजापुर

सार

बीजापुर जिले में राष्ट्रीय खनिज विकास निगम एनएमडीसी की बैलाडीला खदानों से निकलने वाला लाल पानी अब आदिवासी समुदायों की जिंदगी पर कहर बनकर टूट रहा है। इस पर्यावरणीय आपदा के खिलाफ ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए सड़कों पर उतरने का फैसला किया है।
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लाल पानी का संकट - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बीजापुर जिले में राष्ट्रीय खनिज विकास निगम एनएमडीसी की बैलाडीला खदानों से निकलने वाला लाल पानी अब आदिवासी समुदायों की जिंदगी पर कहर बनकर टूट रहा है। इस पर्यावरणीय आपदा के खिलाफ ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए सड़कों पर उतरने का फैसला किया है। बीजापुर विधायक विक्रम मंडावी के नेतृत्व में ग्राम हिरोली से शुरू हुई सैकड़ों ग्रामीणों की पदयात्रा शनिवार को जिला मुख्यालय बीजापुर पहुंचेगी। यहां एक विशाल आम सभा का आयोजन होगा, जिसमें लाल पानी की समस्या से निजात, पर्यावरण संरक्षण, जल शोधन संयंत्र, क्षतिपूर्ति और बुनियादी सुविधाओं की मांग को लेकर राज्यपाल के नाम  कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा जाएगा।

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लौह अयस्क खनन से उत्पन्न अपशिष्ट से रंगा यह लाल पानी बीजापुर जिले के नदियों, नालों और तालाबों को लगातार जहरीला बना रहा है। लगभग 45 गांवों के ग्रामीण इस लाल पानी से जूझ रहे हैं, जो उनकी खेती, पशुओं और स्वास्थ्य को नष्ट कर रहा है। इस समस्या को लेकर विधायक  मंडावी ने कहा एनएमडीसी की खदानों से निकलने वाला यह जहरीला लाल पानी 45 गांवों की जिंदगी तबाह कर रहा है। लोग त्वचा रोग, पेट की बीमारियां और किडनी की समस्याओं से पीड़ित हैं। खेत बंजर हो रहे हैं, और पशु दूषित पानी पीकर मर रहे हैं। पीने का साफ पानी और इलाज की सुविधा तक प्रभावित क्षेत्र में नहीं है। यह सिर्फ पर्यावरणीय नहीं, बल्कि आदिवासी जीवन का संकट है। 

प्रभावित क्षेत्र के ग्रामीणों का दर्द भी कम नहीं है।ग्रामीणों के मुताबिक जमीन और पानी लाल हो गए हैं। धान की फसल बर्बाद हो रही है, और मवेशियों की मौतें हो रही है, बच्चों की सेहत खतरे में है, लेकिन एनएमडीसी  प्रबंधन इस समस्या को गंभीरता से नहीं लेता। ग्रामीणों का आरोप है कि एनएमडीसी ने अपशिष्ट प्रबंधन में लापरवाही बरती, जिसका खामियाजा उन्हें भुगतना पड़ रहा है।
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पदयात्रा का नेतृत्व कर रहे बीजापुर  विधायक ने सरकार और एनएमडीसी प्रबंधन से मांग की प्रभावित क्षेत्र का तत्काल सर्वे कराया जाए। ग्रामीणों को फसलों, पशुओं और जमीन के नुकसान का मुआवजा दिया जाए। साथ ही, क्षेत्र में सर्वसुविधायुक्त अस्पताल, स्कूल और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि एनएमडीसी जैसे सार्वजनिक उपक्रम को लाभ के साथ-साथ सामाजिक और पर्यावरणीय जिम्मेदारी भी निभानी होगी। पदयात्रा में बड़ी संख्या में एनएमडीसी की खदानों के लाल पानी से प्रभावित क्षेत्र के ग्रामीण, किसान, मज़दूर क्षेत्र के जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल है।

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