जानकारी के अनुसार, मृतक नरेश साहू अपने माता-पिता के साथ बिलासपुर में रहकर काम करता था। परिजनों का आरोप है कि बांग्लादेश में एक हिंदू युवक की हत्या के संबंध में नरेश साहू ने सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट किया था। इसके बाद विशेष समुदाय के कुछ युवकों ने और बिलासपुर पुलिस ने उसे कथित तौर पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। इस लगातार दबाव और मानसिक तनाव के चलते युवक अत्यधिक परेशान रहने लगा और अंततः उसने यह खौफनाक कदम उठाया।
मुंगेली सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के बामपारा गांव में हुई इस घटना ने स्थानीय लोगों में गहरा आक्रोश पैदा कर दिया है। युवक की मौत के बाद इलाके में तनाव का माहौल है और लोग घटना की निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं।
घटना से कुछ समय पहले बनाए गए वीडियो में नरेश साहू अपनी मानसिक पीड़ा और जिन लोगों द्वारा उसे परेशान किया जा रहा था, उनका जिक्र करता हुआ दिखाई दे रहा है। यह वीडियो युवक की हताशा और लाचारी को दर्शाता है। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस की भूमिका पर सवाल उठ रहे हैं और लोग पुलिस पर गंभीर आरोप लगा रहे हैं।
मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस घटना की निष्पक्षता से जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपों की पड़ताल की जाएगी और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, परिजनों का आरोप है कि पुलिस की पूछताछ और दबाव के चलते ही युवक ने यह कदम उठाया है।