मल्लिकार्जुन खड़गे रायपुर में हैं। वह कांग्रेस पार्टी के पर्यवेक्षक बनाए गए हैं। छत्तीसगढ़ के प्रभारी पीएलपुनिया भी वहीं है और कांग्रेस पार्टी बुधवार को देर शाम तक राज्य के भावी मुख्यमंत्री के नाम पर मुहर लगा सकती है। मुख्यमंत्री की दौड़ में ताम्रध्वज साहू और भूपेश बघेल में कड़ा मुकाबला है।
अंतिम नाम विधायक दल की बैठक के बाद पर्यवेक्षकों की रिपोर्ट के बाद आएगा। माना जा रहा है कि कांग्रेस अध्यक्ष छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के चेहरे को लेकर काफी संवेदनशील हैं और सोच विचारकर निर्णय लेना चाहते हैं। ताम्रध्वज साहू दुर्ग से लोकसभा सांसद हैं। वह दुर्ग ग्रामीण विधानसभा सीट से चुनाव लड़कर जीते हैं।
पिछड़े वर्ग पर साहू की अच्छी पकड़ है। दूसरे साहू की छवि काफी साफ-सुथरी मानी जाती है। छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भूपेश बघेल भी मुख्यमंत्री पद के प्रबल दावेदारों में हैं। भूपेश बघेल ने रमन सिंह सरकार के खिलाफ काफी बड़ा मोर्चा खोल दिया था। हालांकि मुख्यमंत्री पद की दौड़ में चरणदास महंत और टीएस सिंह देव का भी नाम चल रहा है, लेकिन मुख्य मुकाबला ताम्रध्वज साहू और भूपेश बघेल के बीच में ही माना जा रहा है।