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कंबल बाबा ने की कांग्रेस विधायक से भाजपा में आने की पेशकश, मंत्री पद और रुपयों का प्रलोभन

Wed, 17 Oct 2018 12:09 PM IST
चुनाव डेस्क, अमर उजाला, अंबिकापुर
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कंबल बाबा, चिंतामणी महाराज
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छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव में नेताओं के बयानबाजी और सियासी उठापटक का सिलसिला शुरू हो चुका है। इस बीच प्रदेश के गृहमंत्री के करीबी माने जाने वाले कंबल बाबा ने कथित तौर पर कांग्रेस विधायक चिंतामणी को दलबदल कर भाजपा में शामिल होने का प्रस्ताव दिया है और इसकी एवज में मंत्री पद और रुपयों की पेशकश की है। दोनों के बीच बाचतीच का ऑडियो मंगलवार को वायरल हो गया जिससे बाद राज्य में राजनीतिक हड़कंप मच गया है। 
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चिंतामणी महाराज सरगुजा जिले की लुंड्रा विधानसभा सीट से कांग्रेस के विधायक हैं। खबरों के मुताबिक चिंतामणी ने इस बात की तस्दीक की है कि कंबल बाबा ने उन्हें फोन किया था और वायरल ऑडियो में उन्हीं की आवाज है। यहीं नहीं इस वायरल वीडियो में कई और खुलासे हुए हैं। 

रामदयाल उइके को दिए 10 करोड़ रुपये 

इस वायरल ऑडियो में कथित तौर पर अंबिकापुर के चर्चित कंबल बाबा की आवाज है। उनके और कांग्रेस विधायक की इस बातचीत में कई रामदयाल उइके के बारे में भी खुलासा हुआ है। कंबल बाबा के मुताबिक भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह और प्रदेश के मुख्यमंत्री रमन सिंह की मौजूदगी में भाजपा में शामिल होने वाले प्रदेश कांग्रेस के पूर्व कार्यकारी अध्यक्ष रामदयाल उइके को 10 करोड़ और मंत्री पद का ऑफर दिया गया था तब वो भाजपा में शामिल हुए हैं।
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मुख्यमंत्री से मिलवाने का ऑफर 

इस वायरल ऑडियो क्लिप में कंबल बाबा कांग्रेस विधायक चिंतामणी को सीधे मुख्यमंत्री से मिलाने की बात कह रहे हैं। करीब सात मिनट 17 सेकेंड के इस ऑडियो में चिंतामणी को कई बार सीधे मुख्यमंत्री से मिलने के लिए कहा गया। चिंतामणी को कंबल बाबा कह रहे हैं कि उनकी मुख्यमंत्री से इस बारे में बात हुई है। वह रायपुर में ही हैं। इसपर चिंतामणी महाराज ने कहा कि वे अगर मुख्यमंत्री से मिलेंगे तो फोटो खींचकर यह अफवाह फैला दी जाएगी कि वो भाजपा में शामिल हो गए हैं। 

मैं विश्वासघात नहीं कर सकता : चिंतामणी

कांग्रेस विधायक चिंतामणी महाराज ने कहा है कि कई दिनों से फोन कर उनपर मुख्यमंत्री से मिलने का दबाव डाला जा रहा था। कंबल बाबा ने दलबदल करने के लिए मंत्री पद के साथ रुपये की भी पेशकश की थी। चिंतामणी ने कहा, "मैं कांग्रेस का सिपाही हूं और विश्वासघात नहीं कर सकता।" 
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कौन हैं कंबल बाबा 

कंबल बाबा को राज्य के गृहमंत्री रामसेवक पैकरा का करीबी माना जाता है। बताया जाता है कि कंबल बाबा कथित तौर पर कंबल ओढ़ाकर इलाज करते हैं। उन्होंने इसी तरह से इलाज कर गृहमंत्री के डायबिटीज का रोग ठीक किया। बाबा ने भटगांव एवं भैयाथान में करोड़ों रुपये की लागत से यज्ञ भी कराया था। बताया जाता है कि यज्ञ का खर्च गृहमंत्री ने उठाया था। 

कंबल बाबा जगह-जगह इलाज के नाम पर शिविर लगाते रहे जिसमें हजारों लोग पहुंचते थे। उन्होंने हिंदुओं का एक संगठन बनाकर स्वयं को प्रदेशाध्यक्ष बनाया है। बतौली में उनके आयोजन पर प्रशासन ने रोक लगाई थी। 
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