फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बलरामपुर में फर्जीवाड़े का खुलासा: आंगनबाड़ी सहायिकाओं की नियुक्तियां रद्द, पात्रों को मिलेगा न्याय

Sat, 03 Jan 2026 07:12 PM IST
Digvijay Singh अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर रामानुजगंज

सार

बलरामपुर रामानुजगंज शंकरगढ़ विकासखंड के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों में फर्जी एवं कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर की गई आंगनबाड़ी सहायिकाओं की नियुक्तियों को कलेक्टर बलरामपुर राजेंद्र कटारा ने निरस्त कर दिया है।
विज्ञापन
अभ्यर्थियों को मिला न्याय - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के शंकरगढ़ विकासखंड के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों में फर्जी एवं कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर की गई आंगनबाड़ी सहायिकाओं की नियुक्तियों को कलेक्टर बलरामपुर राजेंद्र कटारा ने निरस्त कर दिया है। यह महत्वपूर्ण कार्रवाई अपील प्रकरण में विस्तृत जांच के बाद की गई, जिससे योग्य और पात्र अभ्यर्थियों को न्याय मिल सका है। यह मामला विशेष रूप से आंगनबाड़ी केंद्र बहेराटोली, कटहरपारा, धाजापाठ और डूमरपानी से जुड़ा है, जहां भर्ती प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं।

विज्ञापन


जांच में उजागर हुआ फर्जीवाड़ा
विस्तृत जांच के दौरान यह पाया गया कि इन आंगनबाड़ी केंद्रों में अरमाना पति शमशेर आलम, रिजवाना पति अमरूद्दीन, प्रियंका यादव पति आशीष यादव तथा सुशीला सिंह पति उमाशंकर नामक महिलाओं की नियुक्तियां पूरी तरह से फर्जी दस्तावेजों पर की गई थी। इन गंभीर अनियमितताओं को देखते हुए, कलेक्टर ने तत्काल प्रभाव से इन सभी नियुक्तियों को रद्द करने का आदेश दिया। साथ ही, परियोजना अधिकारी, एकीकृत बाल विकास सेवा परियोजना शंकरगढ़ को निर्देश दिया गया कि वे 15 दिनों के भीतर पात्र अभ्यर्थियों के पक्ष में नियुक्ति आदेश जारी करें।

पात्रों को मिली नियुक्ति, फर्जीवाड़े पर लगा अंकुश
कलेक्टर के निर्देशों का पालन करते हुए, परियोजना अधिकारी शंकरगढ़ ने चारों आंगनबाड़ी केंद्रों में योग्य अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। इसके तहत, आंगनबाड़ी केंद्र बहेराटोली में गायत्री पैकरा, कटहरपारा में अंजली तिर्की, धाजापाठ में सुषमा रवि और डूमरपानी में उर्मिला उरांव को आंगनबाड़ी सहायिका के पद पर नियुक्त किया गया। इस पूरे प्रकरण की शुरुआत अगस्त 2025 में हुई थी, जब बहेराटोली केंद्र की एक अभ्यर्थी गायत्री पैकरा ने आंगनबाड़ी भर्ती में अनियमितताओं की शिकायत कलेक्टर बलरामपुर के समक्ष जनदर्शन में दर्ज कराई थी। शिकायत के बाद, कलेक्टर के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी और एसडीएम शंकरगढ़ ने एक संयुक्त जांच दल का गठन किया।
विज्ञापन


दोषियों पर हुई कार्रवाई
जांच दल में बीईओ कुसमी, शंकरगढ़ एवं राजपुर के अधिकारी शामिल थे। इस दल ने भर्ती प्रक्रिया में जमा किए गए सभी दस्तावेजों की गहनता से जांच की और विभिन्न संबंधित कार्यालयों से प्रमाणपत्रों का सत्यापन कराया। जांच में यह स्पष्ट हो गया कि प्रस्तुत किए गए दस्तावेज फर्जी और कूटरचित थे। इसके बाद, जांच दल ने दोषियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करने और चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्तियां रद्द करने की अनुशंसा की। परिणामस्वरूप, थाना शंकरगढ़ में आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की गई और उनकी गिरफ्तारी भी हुई। पुलिस की विवेचना में यह बात भी सामने आई कि फर्जी अंकसूचियां अजीजी पब्लिक स्कूल, भगवतपुर एवं कुसमी से तैयार कर जारी की गई थीं। इस मामले में अन्य संलिप्त व्यक्तियों की भी गिरफ्तारी की गई। प्रशासन की इस प्रभावी कार्रवाई ने न केवल फर्जीवाड़े पर अंकुश लगाया है, बल्कि यह भी सुनिश्चित किया है कि पात्र और योग्य अभ्यर्थियों को उनका हक मिले।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें