गोदाम से धुंआ निकलते ही गार्ड ने किया सूचित
जानकारी के अनुसार, प्रतिष्ठित व्यवसाई आशीष मित्तल के द्वारा ऊंचडीह में मुर्गीदाना और मछली दाना के गोदाम का संचालन किया जाता है। गोदाम में लगभग 50 हजार बोरे से अधिक मछली और मुर्गी दाना रखा हुआ है। मंगलवार की देर रात करीब बारह बजे गोदाम में आग लगी। गोदाम के चौकीदारों ने गोदाम से धुआं निकलते देखा तो इसकी सूचना गोदाम के मालिक और मैनेजर को दी। गोदाम के कर्मचारी और स्थानीय ग्रामीण पानी डालकर आग बुझाने की कोशिश कर रहे थे, लेकिन तब तक आग फैल गई।
तीन जिलों की दमकल टीमों ने पाया आग पर काबू
गोदाम में आग लगने की सूचना पर सूरजपुर की दमकल टीम मौके पर पहुंची। आग की भयावहता को देखते हुए अंबिकापुर और कोरिया जिले की दमकल विभाग की टीमों को भी बुलाया गया। तीनों जिलों की टीमें आग पर काबू करने के लिए जूझती रहीं। कुछ घंटों में आग लगभग पूरे गोदाम में फैल गई। आग बुझाने के लिए पानी डालने का स्थान कम होने के कारण सुबह जेसीबी की मदद से गोदाम की दीवारों को तोड़कर छेद किया गया और फिर आग पर काबू पाया गया।
गोदाम में आधी रात को लगी थी आग
इस पूरी घटना के दौरान दमकल कर्मी पूरी रात जूझते रहे और एक कर्मी झुलस गया। रात 12 बजे गोदाम में लगी थी। आग को बुझाने के लिए विश्रामपुर और भटगांव एसईसीएल की दमकल टीमें, अंबिकापुर और बैकुंठपुर की टीमों को 10 घंटे से अधिक समय तक जूझना पड़ा। प्रत्येक दमकल वाहन को पानी भराने के लिए करीब 10 से 15 फेरा लगाना पड़ा। आग बुझाने के दौरान एक दमकल कर्मी चपेट में आ जाने से गंभीर रूप से झुलस गया। जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बताया जा रहा है कि आग बुझाते समय और कर्मी चपेट में आने से बाल-बाल बचे।