जशपुर जिले में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां एक भतीजी ने अपने बड़े पिता आरटीओ अधिकारी विजय निकुंज के घर से 51 लाख रुपये से अधिक की चोरी की साजिश रची। इस मामले में जशपुर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। यह सनसनीखेज वारदात आईफोन खरीदने के लालच से शुरू हुई और बड़े चोरीकांड में तब्दील हो गई। आरोपियों ने नगद रकम और सोने के जेवर चुराकर लग्जरी कार खरीदी, महंगी पार्टियां कीं और मौज-मस्ती की।
15 लाख नगदी और सोने के आभूषण चोरी
घटना की रिपोर्ट 6 दिसंबर 2025 को पीड़िता सुषमा निकुंज ने थाना नारायणपुर में दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उनके पुराने घर के कमरे का कुंडा टूटा हुआ था और अटैची से लगभग 15 लाख रुपये नगद व सोने की ज्वेलरी चोरी हो गई थी, जिसकी कुल कीमत करीब 35 लाख रुपये से अधिक थी। जांच के दौरान पुलिस का संदेह पीड़िता की भतीजी मिनल निकुंज (21 वर्ष) पर गया। पूछताछ में उसने अपने बॉयफ्रेंड अनिल प्रधान (25 वर्ष) और अन्य साथियों के साथ मिलकर चोरी की योजना स्वीकार की।
सोशल मीडिया से अपराध तक का सफर
पुलिस जांच में पता चला कि मिनल निकुंज की पहचान जून 2024 में सोशल मीडिया के माध्यम से अनिल प्रधान से हुई थी। दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और वे जशपुर में लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगे। इसी दौरान मिनल ने घर में रखी अटैची में भारी रकम देखी और धीरे-धीरे पैसे निकालने लगी। लालच बढ़ने पर उसने पूरा सूटकेस ही चोरी कर लिया, जिसमें नगद रकम के साथ सोने के बिस्किट और जेवरात थे। चोरी की रकम से आरोपियों ने लगभग 25 लाख रुपये की टाटा हरियर कार खरीदी, रायपुर व अन्य शहरों में पार्टियां कीं और सोना बेचकर आपस में रकम बांट ली।
रांची से हुए गिरफ्तार, लाखों का माल बरामद
घटना के बाद सभी आरोपी फरार हो गए थे। जशपुर पुलिस की टेक्निकल टीम और मुखबिरों की मदद से रांची के एक होटल से मिनल निकुंज और अनिल प्रधान को गिरफ्तार किया गया। इसके बाद अन्य आरोपियों अभिषेक इंद्रवार (28 वर्ष), लंकेश्वर बड़ाईक (35 वर्ष) और अलीशा भगत (29 वर्ष) को भी अलग-अलग तिथियों में गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक टाटा हरियर कार, 86,300 रुपये नगद, सोने के बिस्किट, सोने का मंगलसूत्र व कड़ा, एक आईफोन और 4 एंड्रॉयड मोबाइल बरामद किए हैं, जिनकी वर्तमान कीमत लगभग 51 लाख 82 हजार 300 रुपये आंकी गई है।
मामले से जुड़े अन्य फरार आरोपियों की पहचान कर ली गई है और उनकी तलाश जारी है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह ने बताया कि चोरी का अधिकांश माल बरामद कर लिया गया है और इस कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी संतलाल आयाम और थाना नारायणपुर पुलिस टीम की सक्रिय भूमिका रही।