आठ दिन में ग्रुप-सी और डी की 28 हजार नौकरियां देंगे, भाई-भतीजावाद नहीं जारी रहेगा मिशन मेरिट : मनोहर लाल
-मुख्यमंत्री ने राज्यपाल के अभिभाषण पर सदन में दिया एक घंटे तक जवाब
-कांग्रेस पर साधा निशाना, नौकरियों में जारी रहेगी पारदर्शिता
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र के दूसरे दिन राज्यपाल के अभिभाषण पर विपक्षी दलों द्वारा उठाए गए सवालों का मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने कड़ा जवाब दिया। सीएम ने सदन में घोषणा की कि अगले आठ दिनों में 28 फरवरी तक ग्रुप सी और डी की 28 हजार भर्तियों के परिणाम जारी किए जाएंगे। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि इन भर्तियों में पहले की सरकारों की तरह भाई भतीजा नहीं होगा, बल्कि मिशन मेरिट जारी रहेगा। मनोहर लाल ने सदन में करीब एक घंटे तक किसान, बेरोजगारी, भर्ती और भ्रष्टाचार और हरियाणा कौशल रोजगार निगम पर एक एक करके जवाब दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने पिछली सभी सरकारों के मुकाबले साढ़े नौ साल में सबसे अधिक नौकरियां दी हैं। इसके अलावा, अभी 50 हजार के करीब नौकरियों की प्रक्रिया और जारी है। इनमें ग्रुप डी की 13 हजार से अधिक पद हैं और ग्रुप सी के कुल 32 हजार में से 13 हजार पदों पर नियुक्ति हो चुकी हैं। मनोहर लाल ने कहा कि सरकार में आते ही हमने खर्ची पर्ची बंद की और मेरिट में आने वाले अभ्यर्थियों को नौकरियां दी हैं, आगे भी नौकरियों में ये पारदर्शिता बरकरार रहेगी।
सीएमआईई ने बदले आंकड़े, निजी क्षेत्र में 30 लाख युवाओं को रोजगार
मुख्यमंत्री ने बेरोजगारी पर विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि कुछ दिन पहले विपक्ष हरियाणा में बेरोजगारी दर 30 प्रतिशत से ज्यादा बता रहा था, जोकि अब 9 प्रतिशत पर पहुंच गया है। सीएमआईई की रिपोर्ट में भी अक्टूबर से दिसंबर माह तक हरियाणा में बेरोजगारी दर 8.6 फीसदी दिखाई गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि परिवार पहचान पत्र के आधार पर हरियाणा में स्वयं सत्यापित 7 प्रतिशत बेरोजगारी दर है। मुख्यमंत्री ने बेरोजगारी और भर्ती के मामले पर स्पष्ट किया कि हरियाणा में बेरोजगारी की दर 7 फीसदी है, जोकि परिवार पहचान पत्र के आधार पर स्वयं घोषित की गई। सरकार की ओर से सरकारी भर्तियों के साथ निजी क्षेत्र में रोजगार के साधनों में बढ़ोतरी गई और 9 सालों में 30 लाख युवाओं को नौकरियां मिली हैं।
भर्तियों को रोकने के लिए बना हुआ है भर्ती रोको गैंग
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में सरकारी भर्तियों को रोकने के लिए भर्ती रोको गैंग बना हुआ है। इस गैंग को खत्म करने के लिए सरकार ने सीईटी का प्रावधान किया है तो ग्रुप-सी व डी के सेवा नियमों में बदलाव किया है। इसके साथ ही ट्रांसफर पालिसी में भी बदलाव किया है। ग्रुप डी के काडर पर भी अब तबादला ड्राइव चलाया हुआ है।