चंडीगढ़। मलोया कॉलोनी में लोगों के व्यायाम व आराम के लिए बने पार्क पार्किंग एरिया में तब्दील हो गए हैं। हरी घास की जगह रेतीली मिट्टी और झूलों की जगह गाड़ियों ने ले ली है। ऐसे में बच्चों के पास खेलने का कोई स्थान उपलब्ध नहीं है।
पार्क में प्रशासन की ओर से जून में झूले लगवाए गए थे लेकिन वह भी ज्यादा समय तक टिक नहीं पाए। पार्क में 15-20 गाड़ियां व रेहड़ियां लगी रहती हैं। वाहन मालिकों का कहना है कि उनके पास पार्किंग नहीं है। इस कारण पार्क में ही उन्हें गाड़ियां पार्क करनी पड़ रही हैं। इससे आम लोगों को परेशानी झेलनी पड़ रही है। वहीं, खेलने की व्यवस्था नहीं होने के कारण बच्चों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर पड़ रहा है।
बच्चों के खेलने के लिए नहीं है कॉलोनी में जगह
मेरे पोतों को खेलने के लिए बाहर जाना पड़ता है। पार्क में बच्चों के खेलने के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। अगर कॉलोनी में बुजुर्गों के बैठने और बच्चों के खेलने के लिए व्यवस्था होगी तो इससे हमें सहूलियत होगी। प्रशासन को इस पर कार्रवाई करनी चाहिए। - पुष्पा, निवासी, मलोया
लोग पार्क में खड़ी कर रहे गाड़ियां, प्रशासन मौन
लोग पार्क में गाड़ियां खड़ी कर देते हैं। इसके बाद बच्चों को पार्क में खेलने नहीं देते हैं। वहीं, पार्क में गाड़ियां खड़ी करने को लेकर कॉलोनी वासियों में आपस में कई बार वाद-विवाद भी हो जाता है लेकिन समस्या बरकरार है। - राहुल, निवासी, मलोया कॉलोनी