चंडीगढ़। शहर में केवल पीले नंबर प्लेट (व्यावसायिक) वाली कैब/टैक्सी चलाने की इजाजत होगी। अगर कोई व्यक्ति निजी गाड़ी को कैब/टैक्सी के रूप में चलाते हुए पकड़ा गया तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। चंडीगढ़ प्रशासन ने ओला और उबर कंपनियों को कैब संचालन का एग्रीगेटर लाइसेंस जारी कर सख्त हिदायत जारी की है।प्रशासन के इस फैसले से शहर में कैब का संचालन कर रहीं अन्य मोबाइल एप एग्रीगेटर कंपनियों को झटका लगा है। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि अधिकृत एग्रीगेटर कंपनियों के अलावा कैब संचालन पूरी तरह से अवैध माना जाएगा और उन पर परिवहन अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि शहर में कैब के इस्तेमाल पर अधिकतम 34 रुपये प्रति किलोमीटर का किराया प्रशासन की ओर से तय है।
जानकारी के मुताबिक, चंडीगढ़ प्रशासन ने यूटी चंडीगढ़ में कैब सेवाएं प्रदान करने के लिए ओला और उबर को ही एग्रीगेटर लाइसेंस प्रदान किया है। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे आम जनता की सुरक्षा के लिए इन दोनों कंपनियों के माध्यम से पीले व्यावसायिक नंबर प्लेट वाली कैब ही बुक करें और गैर-पंजीकृत एप आधारित एग्रीगेटर कंपनियों के माध्यम से कैब की बुक न करें। यह भी सलाह दी है कि निजी नंबर (सफेद प्लेट) वाली कैब/बाइक में यात्रा न करें, जो कि गैरकानूनी है। ऐसा न करने पर यात्रियों के साथ-साथ निजी वाहन चालकों के खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के अनुसार व्यावसायिक कैब में पैनिक बटन भी लगवा दिए गए हैं, जिन्हें इमरजेंसी में दबाया जा सकता है।
ओवरचार्जिंग पर यहां करें शिकायत
यदि कोई कैब ऑपरेटर/कंपनी अधिक किराया वसूलती है तो एसटीए कार्यालय से दूरभाष नंबर 0172-2700159 या ईमेल sta18-chdnic.in पर तुरंत संपर्क किया जा सकता है। यदि कोई कैब ऑपरेटर गलत रूट या लंबा रूट लेता है तो यात्री पैनिक बटन दबा सकता है और तुरंत पुलिस हेल्पलाइन 112 पर कॉल कर सकता है।