मक्खू के पास सतलुज नदी पर बना धुस्सी बांध टूटने के कारण कई किलोमीटर तक रेलवे ट्रैक भी प्रभावित हुआ है। इस कारण रेल डिवीजन फिरोजपुर ने 19 अगस्त से फिरोजपुर और जालंधर के बीच चलने वाली लगभग आठ पैसेंजर ट्रेनें बंद की हुई हैं।
उक्त ट्रेनें अभी कुछ दिन और नहीं चलेंगी। रेल अधिकारियों का कहना है कि रेलवे ट्रैक की फिटनेस मिलने के बाद ही इस पर पैसेंजर ट्रेनें दौड़ाई जाएंगी। बाढ़ के पानी से ट्रैक की मिट्टी भी कई स्थानों पर धंस गई है।
रेल डिवीजन फिरोजपुर के ऑपरेटिंग विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अब तक फिरोजपुर और जालंधर के बीच ट्रेनों की आवाजाही बंद है। ये कब शुरू होगी इसके बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता है। जब उन्हें इंजीनियरिंग विभाग की तरफ से रेलवे ट्रैक की फिटनेस मिल जाएगी उसी समय उक्त सेक्शन पर ट्रेनें चला दी जाएंगी।
इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों का कहना है कि कई जगहों पर बाढ़ का पानी ट्रैक के दोनों तरफ कम हुआ है। ऐसी जगहों पर ट्रैक को चेक किया जा रहा है क्योंकि ट्रेन के वजन से ट्रैक धंस सकता है।
ट्रैक को अच्छी तरह से चेक किया जा रहा है क्योंकि पानी से मिट्टी कमजोर पड़ जाती है और भारी चीज गुजरने से ट्रैक धंस सकता है। इंजीनियरिंग विभाग के अधिकारियों का कहना है कि ट्रैक सही करने के बाद इस पर से सिर्फ डीजल इंजन गुजारा जाएगा। इसके बाद मालगाड़ी गुजारने के बाद ही पैसेंजर ट्रेन चलाई जाएगी।
दूसरी तरफ लोगों का कहना है कि ट्रेनें नहीं चलने से उन्हें बसों के माध्यम से यात्रा करनी पड़ रही है। बसों में किराया भी बहुत है। इससे उनका बजट बिगड़ गया है। फिरोजपुर से कई ऐसे यात्री हैं जो नौकरी करने के लिए मक्खू, कपूरथला, जालंधर व अन्य स्थानों पर जाते हैं।