पंजाब के 15 जिलों में गुरुवार को संक्रमण से 56 लोगों की मौत हो गई। 3113 नए मामले सामने आए हैं। विभिन्न अस्पतालों में भर्ती 24 संक्रमितों की हालत गंभीर बनी हुई है, जिनको वेंटिलेटर पर रखा गया है। पंजाब में अब तक 7334 संक्रमितों की मौत हो चुकी है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार पंजाब में अब तक 6235386 लोगों के सैंपल लिए जा चुके हैं, जिनमें 263090 लोगों की रिपोर्ट पॉजिटिव मिली है।
राज्य के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती 229367 संक्रमित ठीक होकर घर जा चुके हैं। सूबे में 26389 सक्रिय मामले हैं। 386 संक्रमितों को सांस लेने में परेशानी होने पर ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है। गुरुवार को अमृतसर में 7, बरनाला में 2, बठिंडा में 2, फाजिल्का में 1, फरीदकोट में 1, फिरोजपुर में 2, गुरदासपुर में 1, होशियारपुर में 12, जालंधर में 8, कपूरथला में 3, लुधियाना में 4, एसएएस नगर में 2, पटियाला में 6, संगरूर में 3 और तरनतारन में 2 मरीजों की मौत हो गई।
लुधियाना पहुंची केंद्रीय टीम, हालात का लिया जायजा
उधर, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की दो सदस्यीय टीम गुरुवार को लुधियाना पहुंची और हालात का जायजा लिया। टीम ने शहर में चल रहे टीकाकरण कैंप का दौरा किया और माइक्रो कंटेनमेंट जोन में जाकर हालात की जानकारी ली। इसके बाद बचत भवन में जिला प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक की।
डिप्टी डायरेक्टर नेशनल सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल डॉ. अनुभव श्रीवास्तव और आरएमएल अस्पताल से डॉ. कविता चौधरी ने डीसी वरिंदर शर्मा और सिविल सर्जन डॉ. सुखजीवन कक्कड़ के साथ बैठक की। इसमें कोरोना से संबंधित मौजूदा स्थिति के बारे में जानकारी ली। वहीं कोरोना को रोकने के लिए कड़े कदम उठाने को कहा। बैठक के बाद टीम ने सिविल अस्पताल और यूसीपीएमए में टीकाकरण कैंप को भी देखा। इसके बाद मॉडल ग्राम में माइक्रो कंटेनमेंट जोन का दौरा भी किया।