जुंडला। उत्पाती बंदरों ने हमला बुधवार को जुंडला के गढ़ी मोहल्ला में तीन महिलाओं को पंजे मारकर घायल कर दिया और एक वृद्ध महिला के कपडे़ फाड़ दिए।
इस घटना के बाद मोहल्ले वासियों ने प्रशासन की अनदेखी के खिलाफ चौक में नारेबाजी कर रोष जताया। उन्होंने ग्राम पंचायत से बंदरों के आतंक से निजात दिलवाने की मांग की है।
ग्रामीणों के अनुसार कई वर्षों से बंदरों ने पूरे कस्बे में आतंक मचाया हुआ है। इससे ग्रामीणों का जीना दूभर हो गया है। बंदरों की हरकतों को लेकर हर रोज कही न कही बंदरों व ग्रामीणों के बीच झड़पें होती रहती है। ग्रामीणों ने बताया कि बंदरों की तादाद में लगातार इजाफा होता जा रहा है।
जुंडला के गढ़ी मोहल्ले में बुधवार दोपहर बाद एक बुजुर्ग महिला फूलो देवी जैसे ही घर के कमरे से बाहर निकली तो बंदरों ने उन पर अचानक हमला बोल दिया। बचाव के लिए रानी देवी बीच में आई तो बंदरों उस पर भी हमला बोल दिया। दोनों महिलाओं के शोर मचाने पर मोहल्ले के अन्य लोगों ने बंदरों को भगाया।
क्षेत्र के लोगों ने बताया कि बंदरों के आतंक से खासतौर पर महिलाएं व बच्चे ज्यादा परेशान है और सभी ग्रामीण इस समस्या से छुटकारा चाहते हैं। महिलाओं ने कहा कि कई सरपंच से आग्रह करने के बाद भी इस समस्या का हल नही हो पाया है। इस मौके पर सुरेशो देवी, फूलपती, पूनम, अनिता देवी, शीला देवी, दर्शनी देवी, धर्मों देवी, बिमला देवी, रानी, शमशेर सिंह, राजेंद्र कुमार, कोकाराम, ओमप्रकाश मौजूद थे।