चंडीगढ़। राष्ट्रीय स्तर के निशानेबाज सिप्पी सिद्धू की हत्या मामले में मुख्य आरोपी कल्याणी सिंह की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। सीबीआई की विशेष अदालत में शनिवार को चश्मदीद गवाह सेक्टर-27 के दंपती का क्रॉस एग्जामिनेशन (जिरह) हुआ। कल्याणी सिंह के अधिवक्ता ने दंपती से सवाल पूछे। इस दौरान दोनों गवाह अपने बयानों पर टिके रहे। अब केस में अगली सुनवाई 30 अगस्त को होगी। बता दें कि सिप्पी सिद्धू की हत्या 20 सितंबर 2015 को चार गोलियां मार की गई थी। आरोप के मुताबिक, कल्याणी और एक अज्ञात हमलावर ने दंपती की कोठी के साथ लगते पार्क में सिप्पी सिद्धू की हत्या की वारदात को अंजाम दिया था। सीबीआई की चार्जशीट के मुताबिक, गवाह राजनबीर सिंह ने बयान दर्ज करवाया था कि 20 सितंबर 2015 को जल्दी खाना खाने के बाद रात लगभग 9 बजे वह अपने नौकर कुंदन लाल के साथ घर के सामने टहलने के लिए निकले थे। इसी बीच उन्होंने गोली चलने की आवाज सुनी। इसके बाद वह पार्क से सटे अपने घर की चहारदीवारी के पास पहुंचे। जब तक वह वहां पहुंचे तब तक लगातार दो और गोलियां चल चुकी थीं। नौकर कुंदन लाल ने दीवार पर चढ़कर देखा तो पाया कि एक व्यक्ति दीवार की तरफ से दूसरी ओर जा रहा था। जाते-जाते उसने दो बार पीछे मुड़कर देखा। उस समय उनकी पत्नी अमृता सिंह घर की पहली मंजिल पर अपने बेडरूम में मौजूद थीं। दोनों ने करीब 9:30 बजे गोलियों की आवाज सुनी थी। उनकी पत्नी के मुताबिक, जब वह गेट के सामने छत की बालकनी की ओर गईं तो देखा कि स्ट्रीट लाइट के पास एक सफेद रंग की कार खड़ी थी। उन्होंने पार्क की तरफ से करीब 26-27 साल की एक लड़की को कार की तरफ आते देखा। उसने कार का दरवाजा खोला और वहां से चली गई।