170 दिन से केएमपी के मांडोठी टोल प्लाजा के पास धरना दे रहे किसानों के एक प्रतिनिधिमंडल ने गुरुवार को मुख्यमंत्री मनोहर लाल से मुलाकात की। किसानों ने अधिगृहत जमीन का मुआवजा बढ़ाने की मांग रखी, हालांकि बैठक में सरकार की ओर से मुआवजा बढ़ाने को लेकर कोई सहमति नहीं बन पाई। करीब आधे घंटे तक चली बैठक बेनतीजा खत्म हो गई। अब किसानों ने झज्जर जिले के गांव आसौदा में किसानों की पंचायत बुलाई है। इस पंचायत में आगामी रणनीति तैयार की जाएगी।
संघर्ष समिति के अध्यक्ष रमेश दलाल की अध्यक्षता में किसानों ने दोपहर बाद हरियाणा निवास में मुख्यमंत्री मनोहर लाल से बात की। किसानों ने 25 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन मनोहर लाल को सौंपा। हालांकि, पहली ही मांग पर पेंच फंस गया। किसानों ने कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेस-वे के साथ बनने वाले हरियाणा आर्बिटल रेल कॉरिडोर के लिए अधिगृहित की जा रही जमीन का मुआवजा बढ़ाने की मांग की लेकिन इस दौरान मुआवजा बढ़ाने के लिए सरकार राजी नहीं हुई। ऐसे में बैठक में सहमति नहीं बन पाई। गौरतलब है कि मुआवजा बढ़ाने को लेकर किसान आंदोलन कर रहे हैं। किसान यहां पर कई बार जमा भी लगा चुके हैं और टोल प्लाजा के पास लगातार धरना जारी है।