चंडीगढ़। फास्ट ट्रैक कोर्ट ने नाबालिग से छेड़छाड़ के मामले में आरोपी सेक्टर-25 निवासी सुखबीर (70) को बरी कर दिया। सुखबीर पर अपनी पोती के साथ छेड़छाड़ का आरोप था। सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष की वकील इंदरजीत बस्सी ने तर्क दिया कि सुखबीर पर लगे आरोप बेबुनियाद हैं। पीड़ित नाबालिग ने भी अदालत के सामने बयान दिया कि उसके नाना ने कभी छेड़छाड़ नहीं की थी। पुलिस ने दवाब बनाकर कोरे कागज पर हस्ताक्षर ले लिए और उसके नाना के खिलाफ झूठा मामला दर्ज कर लिया था। पीड़िता ने कहा कि असल में उसके स्कूल में पढ़ाने वाले एक शिक्षक ने शराब के नशे में उसको गलत ढंग से छुआ था।
यह मामला चाइल्ड हेल्पलाइन की सदस्य सरबजीत कौर को मिली सूचना के आधार पर दर्ज किया गया था। सरबजीत कौर ने बताया कि पीड़िता और उसकी छोटी बहन शहर के एक सरकारी स्कूल में पढ़ती हैं। सितंबर 2019 में नाबालिग के साथ छेड़छाड़ की शिकायत मिली थी। वह अपनी टीम के साथ पीड़िता से मिलने गईं। पीड़िता ने बताया कि वह अपने माता-पिता के निधन के बाद नाना के साथ रहती है। उसके नाना अक्सर उसे गलत इरादे से छूते हैं। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी थी।