करनाल जेल में बंद सेक्टर-16 निवासी एक युवक की हत्या पीट-पीटकर करने का मामला प्रकाश में आया है। जेल में पुलिस कर्मचारियों पर आरोप है कि उन्हें युवक की हत्या की है। इसका खुलासा रोहतक मेडिकल से डॉक्टरों के बोर्ड ने बनाई पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर हुआ है। रिपोर्ट के आधार पर युवक के 19 जगह पर चोट के निशान हैं और जख्म भी गहरे हैं। रिपोर्ट आने के बाद अब मृतक युवक की मां कर्मजीत कौर ने एसपी करनाल को शिकायत करके जेल कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करवाने की मांग की है।
सेक्टर-16 मकान नंबर 259 वासी कमजीत कौर ने एसपी करनाल को दी शिकायत में लिखा है कि सीआईए स्टाफ के पुलिसकर्मी उसके लड़के हरदीप सिंह उर्फ मोंटी को 15 जुलाई 2014 को ले गए थे। उन्होंने उसे 16 जुलाई को करनाल जेल में भेज दिया। 21 जुलाई को वह खुद जेल में हरदीप से मिलकर आई। उसके बाद जब वह 24 जुलाई को हरदीप से मिलने गई तो वहां पर अधिकारियों ने कहा कि हरदीप की हालत गंभीर है, उससे करनाल के सिविल अस्पताल में दाखिल कराया गया है। इस सूचना के बाद वह अस्पताल पहुंची तो उसको हरदीप की मौत की सूचना मिली।
कर्मजीत कौर ने आरोप लगाया कि अस्पताल में हरदीप के चोट के निशान थे। जिनको देखने पर ऐसा लग रहा था कि उसकी पीट-पीटकर हत्या की गई है। महिला ने आरोप लगाया कि जेल कर्मचारियों ने ही उसके लड़के हरदीप को पीट-पीटकर मारा है। यदि उसके लड़के हरदीप को किसी प्रकार बीमारी थी या कुछ अन्य परेशानी थी तो उन्हें सूचना क्यों नहीं दी गई। एसपी से अनुरोध किया है कि तथ्यों को मद्देनजर रखते हुए इस मामले की गहनता से जांच की जाए।
बेरहमी से पीटा गया युवक
जेल में बंद युवक हरदीप को जिसने भी मारा, उससे बहुत बेरहमी से मारा गया। शरीर के लगभग हर अंग पर उसको चोट मारी गई है। शरीर के 19 जगह चोट के निशान मिले हैं। जिसमें माथा, सिर, कान के नीचे, ठोड़ी, मुंह, कान के पीछे, कंधे, छाती, दोनों हाथों की हथेली, दोनों घुटने, दोनों कोनी, हाथ सहित अन्य जगह चोट के निशान हैं। पोस्टमार्टम की रिपोर्ट में इन जगहों पर लगी चोटों का चित्र बनाकर खुलासा किया गया है।
वर्जन
जेल में युवक की पीट-पीटकर हत्या करने के मामले की शिकायत आई है। सदर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। मेडिकल रिपोर्ट में युवक के 19 जगह चोट के निशान हैं। चोट युवक को जेल जाने से पहले लगी या बाद में, इसकी भी जांच कर रहे हैं।
-अभिषेक गर्ग, एसपी, करनाल।