राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को अब अवार्ड लेने के लिए बेहद अहम सरकारी फरमान मानना पड़ेगा। यह फरमान हरियाणा सरकार ने जारी किया है। इसके तहत अगर खिलाड़ियों को अवार्ड चाहिए तो उनको जिंदगी में कभी ड्रग्स नहीं लेने की कसम खानी पड़ेगी।
सरकार ने खिलाड़ियों को नशे से दूर रखने के लिए यह अनोखी पहल की है। राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों को सरकार से अवार्ड लेने के लिए आवेदन करते समय एक शपथ पत्र देना होगा। उसमें खिलाड़ियों को लिखना होगा कि न कभी नशा किया और न भविष्य में कभी नशा करेंगे। यह पहल बहुत अधिक प्रभावी हो सकती है, क्योंकि सरकार अवार्ड में मोटी रकम देती है।
बढ़ रहे डोपिंग के मामलों से सबक लेते हुए सरकार प्रदेश के खिलाड़ियों को लेकर काफी सतर्कता बरत रही है। इसके पीछे कारण है कि अगर कोई खिलाड़ी डोपिंग में फंसता है तो एक तो उसका भविष्य खराब होता है दूसरे उस प्रदेश और सरकार की बदनामी भी होती है।
इसीलिए सरकार ने यह नियम बना दिया गया है कि अगर कोई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी सरकार से अवार्ड लेने के लिए आवेदन करता है तो एक शपथ पत्र देना होगा। इसमें खिलाड़ी यह साफ करेंगे कि उसने कभी नशा (ड्रग्स) नहीं लिया है और न भविष्य में कभी लेगा।
खिलाड़ियों को डोपिंग के डंक से बचाने के लिए सरकार की यह पहल कितनी प्रभावी होती है, यह तो समय ही बताएगा। लेकिन यह जरूर है कि अगर किसी खिलाड़ी को अवार्ड चाहिए तो उसे कसम जरूर खानी पड़ेगी।