चंडीगढ़। रामदरबार में सरकारी जमीन पर बने अवैध मकानों को सील करने के लिए पहुंची इस्टेट ऑफिस की टीम का कांग्रेस नेताओं व कार्यकर्ताओं ने स्थानीय लोगों के साथ मिलकर विरोध करते हुए नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस ने चंडीगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष एचएस लक्की सहित कई कार्यकर्ताओं और लोगों को हिरासत में ले लिया। चंडीगढ़ में पिछले कुछ दिनों से अलग अलग कॉलोनियों में सीलिंग का यह सिलसिला जारी है। इस्टेट ऑफिस ने इस दौरान एक घर को सील किया। एसडीएम ईस्ट नीतिश सिंगला के आदेश पर तहसीलदार विनय चौधरी के नेतृत्व में इस्टेट ऑफिस के चार इंस्पेक्टर इस मौके पर मौजूद रहे, जिन्हें लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। ये मकान 40-45 साल पुराने बताए जा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक सरकारी जमीन पर लोगों ने घरों का निर्माण कर रखा है। बताया जा रहा है कि कई साल पहले कई लोगों को प्रशासन ने पांच साल के लिए पर्ची देकर यहां बैठाया था। वहीं, कई लोगों ने खुद मकान बना लिए। अब इन्हें यहां रहते हुए कई साल हो गए हैं। नेताओं का कहना है कि इन्हें घरों से निकलने के बजाय प्रशासन इनसे रहने के लिए फीस लेता रहे। प्रशासन को मानवीय दृष्टिकोण अपनाना चाहिए, क्योंकि जमीन प्रशासन की ही है। इनके घरों में बिजली पानी के मीटर भी लगे हुए हैं। वहीं तीन-तीन मंजिलों तक घरों का निर्माण हो चुका है। ऐसे में इनके घरों को सील नहीं करना चाहिए। सीलिंग अभियान को रोकना चाहिए और गरीब-जरूरतमंदों की मदद के लिए एक नीति बनानी चाहिए। लक्की ने यह भी कहा कि बारिश का मौसम शुरू हो गया है। ऐसे में जिनके घर सील कर दिए गए हैं वे लोग कहां जाएंगे। प्रशासन को इस संबंध में सोचकर ही ऐसा कदम उठाना चाहिए था।