चंडीगढ़। स्वच्छ सर्वेक्षण-2023 में अव्वल आने के लिए चंडीगढ़ नगर निगम ने इस वर्ष आरआरआर (रीड्यूज, रीयूज, रीसाइकल) केंद्र, एक रुपया स्टोर, वेस्ट टू वंडर पार्क समेत कई नए प्रयोग किए हैं लेकिन जगह-जगह नजर आ रहे कूड़े के ढेर शहर को पीछे कर सकते हैं। सर्वेक्षण-2023 के लिए फील्ड असेसमेंट शुरू हो गया है। इस महीने में केंद्र की टीम भी शहर का दौरा करेगी, लेकिन सेक्टर-17 प्लाजा कांप्लेक्स समेत शहर के कई इलाकों में कूड़े से ढेर मौजूद हैं।24 मई 2022 से सर्वेक्षण 2023 की शुरुआत हुई थी। पहले चरण में स्वच्छता के विभिन्न मापदंडों पर नागरिकों से टेलीफोन पर बातचीत की गई। चार तिमाहियों में आयोजित होने वाले इस मूल्यांकन की पहली तीन तिमाहियां पूरी हो चुकी हैं और चौथे तिमाही की शुरुआत आवासन और शहरी मामलों के मंत्रालय की तरफ से एक जुलाई से कर दी गई है। ये सबसे अहम होगा, क्योंकि फील्ड असेसमेंट के लिए केंद्र की टीम शहर पहुंचेगी और 46 संकेतकों में शहरों के कार्य प्रदर्शन का अध्ययन करेंगे। इसके बाद अक्तूबर के पहले हफ्ते में रैंकिंग की घोषणा की जाएगी। निगम ने वित्तीय वर्ष में कई नए प्रयोग किए हैं और वे सफल भी रहे हैं क्योंकि जनता की तरफ से उनकी सराहना की गई है। जगह-जगह कूड़े के ढेर शहर की खूबसूरती में दाग लगा रहे हैं। गांव-कॉलोनियों के अलावा मुख्य और वीवीआईपी सेक्टरों में भी कूड़े के ढेर मौजूद हैं। मध्य मार्ग की तरफ सेक्टर-17 स्थित प्लाजा कांप्लेक्स की हालत भी बहुत खराब है। यहां आलम यह है कि हर पेड़ के पास कूड़े का ढेर इकट्ठा किया गया है, जिसे पिछले कई दिनों से कोई उठाने नहीं आया। अगर यही स्थिति रही तो शहर स्वच्छ सर्वेक्षण-2023 में अव्वल आने के चूक सकता है।
इन चीजों के नंबर जुड़ेंगे, चंडीगढ़ को होगा फायदा
केंद्र ने इस बार सर्वेक्षण में घर-घर से लिए गए कचरे को अलग-अलग करने, जीरो अपशिष्ट कार्यक्रम, दिव्यांग-अनुकूल शौचालय, बेहतर प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन और बैकलेन स्वच्छता से संबंधित मापदंडों पर ध्यान केंद्रित किया हैं। उनके अंक बढ़ाए गए हैं। सफाई मित्र सुरक्षा को भी प्राथमिकता दी गई है। निगम ने इन सभी पर कार्य किया है। गांव-कॉलोनियों के अंदरूनी इलाकों को छोड़ कर बाकी जगहों से कचरा अलग-अलग लिया जा रहा है। बैकलेन की सफाई के लिए कंपनी नियुक्त की गई है। जीरो अपशिष्ट के लिए आरआरआर केंद्र, वेस्ट टू वंडर पार्क समेत कई कार्यक्रम भी चलाए गए हैं। इन सभी में चंडीगढ़ को अच्छे नंबर मिलने की उम्मीद है। हालांकि, कचरा प्रोसेस और सफाई में नंबर कट सकते हैं।
आयुक्त ने की समीक्षा बैठक
नगर निगम की आयुक्त आनिंदिता मित्रा ने स्वच्छ सर्वेक्षण की तैयारियों को लेकर सभी विभागों के अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की है। सर्वेक्षण को लेकर विभागों के बीच आपसी कोआर्डिनेशन के लिए व्हाट्सएप ग्रुप, नोडल ऑफिसर समेत अन्य की जिम्मेदारी तय की। आयुक्त ने बताया कि स्वच्छता सर्वेक्षण शुरू हो चुका है। सर्वेक्षण की एक टीम जनवरी में शहर के सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का दौरा कर चुकी है, जबकि दूसरी टीम आने वाले कुछ दिनों में चंडीगढ़ का दौरा करेगी। बता दें कि पिछले साल चंडीगढ़ ने विभिन्न श्रेणियों में बेहतर अंक मिलने से 54 पायदान की छलांग लगाकर 12वें स्थान पर पहुंच गया। इस बार टॉप-5 में पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है।
अब तक ऐसा रहा है चंडीगढ़ का प्रदर्शन
वर्ष रैंकिंग
2017 11
2018 03
2019 20
2020 16
2021 66
2022 12
(10 लाख के ऊपर की आबादी में)