पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा है कि किसान अपनी उचित मांगों के लिएं संघर्ष कर रहे हैं। लेकिन किसानों के आंदोलन में दरार डालने के इरादे से भाजपा ने एसवाईएल (सतलुज-यमुना लिंक नहर) का मुद्दा उठाकर अपने खतरनाक इरादे साफ कर दिए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि भाजपा ऐसा करके आग से खेल रही है। वह कृषि कानूनों को लागू करने की अपनी जिद में करोड़ों किसानों को आर्थिक तौर पर बर्बाद करने पर तुली है।
उल्लेखनीय है कि सोमवार को हरियाणा के भाजपा सांसदों ने केंद्रीय मंत्रियों से मिलकर एसवाईएल नहर का मुद्दा उठाया था। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए सुनील जाखड़ ने कहा कि यह मुद्दा सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन है। इस विषय पर उस समय बात करना, जब किसान आंदोलन अपने चरम सीमा पर हो, स्पष्ट करता है कि भाजपा के इरादे क्या हैं।
इस चाल से पंजाब-हरियाणा के किसानों के आंदोलन में दरार डालना है और पंजाब को डराने का प्रयास मात्र है। लेकिन पंजाब केंद्र के किसी भी दबाव से डरने वाला नहीं है। जाखड़ ने कहा कि ना सिर्फ किसानों बल्कि अन्य वर्गों पर भी इस कानून के विपरीत असर होंगे। जबकि पंजाब ने देश के बड़े हितों की रक्षा के लिए इनके खिलाफ आवाज बुलंद की है।
देश में भुखमरी के हालात पैदा करेंगे तीनों कृषि कानून : सचिन शर्मा
केंद्र सरकार के तीन नए कृषि कानून देश में भुखमरी के हालात पैदा करेंगे। यह बात मंगलवार को पंजाब राज्य गो आयोग के चेयरमैन सचिन शर्मा ने कही। शर्मा ने कहा कि किसानों की मेहनत के कारण ही अनाज के मामले में देश आत्मनिर्भर बना था और इसमें पंजाब व हरियाणा के किसानों का बड़ा योगदान रहा है। अब जब देश में भुखमरी से मरने वालों की संख्या बहुत कम हो गई है तो भारत सरकार कृषि सुधारों के नाम पर नए कानून लगा रही है। इससे देश में भुखमरी फिर पैर पसार लेगी।