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घर में शादी है तो रहें सतर्क.. नन्हे शिकारी डाल सकते हैं रंग में भंग

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चंडीगढ़। अगर आपके घर में शादी है तो सतर्क हो जाइए। शादी समारोह के जश्न में नन्हे शिकारी भंग डाल सकते हैं। भीड़भाड़ में किसी की नजर में न आने वाले इन शातिर चोरों की नजर आपके गहने और रुपयों से भरे बैग पर होती है। यह बच्चा चोर गिरोह पिछले काफी समय से चंडीगढ़ के अलावा अलग-अलग राज्यों में सक्रिय है। शादी समारोहों में यह गिरोह बच्चों से दूल्हा या फिर दुल्हन के परिजनों के बैग चोरी करवाकर वहां से रफूचक्कर हो जाता है, लेकिन अगर आप कुछ सावधानियां बरतें तो शादी समारोह से बैग चोरी की वारदातों को रोका जा सकता है।
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बता दें कि शादियों का सीजन शुरू हो चुका है। शहर के अलग-अलग जगहों पर स्थित सामुदायिक केंद्र समेत होटल और मैरिज पैलेस में शादी समारोह के आयोजन हो रहे हैं। इस दौरान अक्सर देखा गया है कि लोग जश्न में व्यस्त हो जाते हैं और बच्चा चोर गिरोह इसका फायदा उठाकर गहने और रुपयों से भरा बैग ले उड़ता है। ऐसे में जिन घरों में शादी है, उन्हें बेहद सावधान रहने की जरूरत है।
प्रशिक्षण देकर करवाया जाता है चोरी
शादी समारोह से गहने और रुपयों से भरा बैग चुराने के काम में बच्चों और किशोरों को लगाया जाता है, क्योंकि इन पर किसी का खास ध्यान नहीं रहता। पुलिस के अनुसार, वारदात के लिए इन बच्चों को खास तौर पर प्रशिक्षण दिया गया होता है, जिससे यह बच्चे पलक झपकते ही रुपयों या गहनों से भरा बैग लेकर समारोह से रफूचक्कर हो जाते हैं। पिछले दिनों ऐसे कई मामले सामने आए, जिनमें ये नन्हे चोरों समेत गिरोह के अन्य सदस्य चोरी की वारदात को अंजाम देते हुए सीसीटीवी कैमरे में कैद हो हुए थे, लेकिन हैरानी की बात है पुलिस इन्हें गिरफ्तार करने में असफल साबित हुई है।
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दूसरे राज्यों से आकर शहर में बनाते हैं ठिकाना
बात करें पिछले तीन वर्ष की तो शहर के अलग हिस्सों में पंद्रह से ज्यादा मामले सामने आ चुके हैं। ज्यादातर बच्चा चोर गिरोह बाहरी राज्यों के होते हैं और शहर चुनकर कुछ दिनों के लिए यहां के होटलों समेत अन्य जगहों पर रहते हैं। इसके बाद गैंग अलग-अलग टुकड़ियों में बंटकर शहर के अलग-अलग जगहों पर होने वाले शादी समारोह की रेकी करते हैं और फिर मौका मिलते हो समारोह से गहने और रुपयों से भरा बैग चोरी कर आसानी से फरार हो जाते हैं। यही वजह है कि ज्यादातर गिरोह को पकड़ने में पुलिस नाकाम रहती है।
मध्यप्रदेश का गिरोह चढ़ा था पुलिस के हत्थे
बता दें कि अक्तूबर वर्ष 2016 में सेक्टर-43 स्थित होटल वेस्टर्न कोर्ट में शादी के दौरान दुल्हन की मां का पर्स चोरी करने वाले मध्यप्रदेश के राजगढ़ निवासी गिरोह के नाबालिग समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में आरोपियों ने बताया था कि वह नाबालिग को समारोह से बैग चोरी का प्रशिक्षण देते थे। इसके बाद वह शहर को चुनकर कुछ दिनों के लिए ठिकाना बनाते थे और चोरी की वारदात को अंजाम देकर फरार हो जाते थे।
ये सतर्कता बरतकर ऐसी वारदात से बच सकते हैं
1- समारोह में ऐसे बैग का इस्तेमाल करें जिसे आप अपनी कलाई से बांध सकें
2- समारोह में सामानों की निगरानी के लिए किसी को एक दिन के पारिश्रमिक पर रख सकते हैं
3- किसी अनजान व्यक्ति या बच्चे को देखने पर रिश्तेदारों से पहचान करवाकर तुरंत उनसे पूछताछ करें।
4- समारोह की व्यवस्था ऐसी जगह करें जहां सीसीटीवी कैमरे से सभी मेहमानों पर नजर रखी जा सके
5- अपने बैग को लावारिस न छोड़ें बल्कि अपने किसी रिश्तेदार या जानकार को पकड़ाकर इधर-उधर जाएं
6- शगुन के पैसों को रखने के लिए एक से ज्यादा बैग का इस्तेमाल करें। गहने को अलग बैग में रखें
7- होटलकर्मियों को पूरी तरह से मुस्तैद रहने को कहें, सुरक्षाकर्मियों की भी ड्यूटी लगवाएं
शादी समारोह से बैग चोरी के छह बड़े मामले
1- जनवरी 2020 में औद्योगिक क्षेत्र स्थित होटल हयात में शादी समारोह से दस लाख रुपयों से भरा बैग चोरी
2- नवंबर 2018 में सेक्टर-10 के माउंट व्यू होटल से पांच लाख रुपयों से भरा बैग चोरी
3- अक्तूबर 2020 को सेक्टर-22 स्थित एक होटल में समारोह से गहने और ढाई लाख रुपयों से भरा बैग चोरी
4- अक्तूबर 2019 में होटल पार्क इन से दूल्हे की मां का शगुन के दो लाख रुपये से भरा बैग चोरी
5- नवंबर 2017 में सेक्टर-35 स्थित खुखरैन भवन में शादी समारोह से दुल्हन की मां के 90 हजार रुपये चोरी
6- दिसंबर 2018 में सेक्टर-37 स्थित सामुदायिक केंद्र में शादी समारोह से दूल्हे की मां का 53 हजार गहने और रुपयों से भरा बैग चोरी
कोट
समारोह से बैग चोरी होने की वारदातों की संबंधित थाना पुलिस अपने-अपने स्तर पर जांच कर रही हैं। इस तरह की वारदातों को रोकने के लिए पुलिस मुस्तैद है। -चरणजीत सिंह विर्क, डीएसपी
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