बॉलीवुड, हॉलीवुड और पॉलीवुड के बाद अब शहर में दक्षिण भारतीय फिल्मों के लिए भी खासा क्रेज बनने लगा है। शहर के सिनेमाघरों में दक्षिणी फिल्मों की संख्या बढ़ रही है और लोग भी बड़े शौक से इन फिल्मों को देख रहे हैं।
बीते दिनों से शहर के मॉल्स में कन्नड़, मलयालम और तेलुगू भाषाओं की कई फिल्में रिलीज हुई हैं, जिन्होंने अच्छी-खासी कमाई भी की है। शहर के अलग-अलग हिस्सों में दक्षिणी भारतीय की संख्या 40 हजार है। इसलिए ये फिल्में काफी दर्शक बटोर रही हैं।
तमिल समुदाय के सेक्टर-7 रहने वाले राजगुरु का कहना के शहर के साथ पंचकूला, मोहाली आदि सब जगह दक्षिणी भारतीय समुदाय के लोग रहते हैं। दक्षिण भारतीय लोगों के पिछले दो तीन महीने से इंडस्ट्रियल एरिया मॉल में बने पीवीआर सिनेमा में दक्षिणी भारतीय भाषाओं की कन्नड़, मलयालम और तेलगू फिल्में दिखाई जा रही हैं।
इस बारे में एलांते मॉल स्थित पीवीआर के सिनेमा मैनेजर चंद्र मोहन का कहना है कि पिछले तीन चार महीनों से हम साउथ की फिल्में लगातार लगा रहे हैं, जिन्हें अच्छा रिस्पांस मिल रहा है। इन फिल्मों के हर शो 70 फीसदी फुल ही रहते हैं।
वहीं सेक्टर -47 में रहने वाले तमिल संगम एसोसिएशन चंडीगढ़ के सचिव राजू शेखर का कहना कि पहले दक्षिण भारतीय लोग केवल टीवी आदि पर अपनी भाषाओं की फिल्में देखते थे, लेकिन अब पीवीआर सिनेमा ने साउथ के सुपर स्टार की फिल्मो मॉल्स के सिनेमा में लगा कर उनके सुमदाय के लोगों को परिवार सहित देखने का अवसर प्रदान किया है, जिसके लिए वह पीवीआर सिनेमा का आभारी भी है।