बरनाला के गांव दुलमसर मौड़ के एक युवा किसान संदीप सिंह ने कर्ज से परेशान होकर बुधवार देर रात फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। पांच साल पहले मृतक के पिता ने भी कर्ज के कारण खुदकुशी कर ली थी। मृतक किसान की पत्नी गुरप्रीत कौर ने बताया कि संदीप सिंह के सिर पर आढ़तियों व बैंकों का मिलाकर कुल 15 लाख रुपये कर्ज था।
उनके पास सिर्फ 6 कनाल जमीन है जो गिरवी पड़ी है। कर्ज उतरने की बजाय बढ़ता जा रहा है। यह कर्ज उनके ससुर के समय का था। पांच साल पहले कर्ज के कारण उनके ससुर प्रीतम सिंह ने भी सुसाइड कर लिया था लेकिन कर्ज ने उनका पीछा नही छोड़ा। अब उनके पति संदीप सिंह ने भी कर्ज के कारण आत्महत्या कर ली।
मृतक की माता मनजीत कौर और चाचा सेवक सिंह ने बताया कि उनके पास पहले काफी जमीन थी जोकि लगातार चढ़ते कर्ज के कारण बिकती गई। अब उनके पास सिर्फ 6 कनाल जमीन रह गई है। भारतीय किसान यूनियन लक्खोवाल के जिला प्रधान जगसीर सिंह छीनीवाल ने बताया कि अफसोस की बात है कि बाप-बेटे ने कर्ज न उतरने के कारण खुदकुशी कर ली।
सरकार सिर्फ कर्जमाफी के बड़े-बड़े दावे कर रही है। कर्ज न माफ होने के कारण दूसरी पीढ़ी के किसान संदीप सिंह को भी खुदकुशी करनी पड़ी। अब जिम्मेदारी मृतक किसान के नाबालिग बच्चों पर आ गई है। प्रदेश सरकार को चाहिए कि तुरंत एक्शन लेकर इस पीड़ित परिवार का तमाम कर्ज माफ करवाए।