चंडीगढ़ में शनिवार को पंजाबी गायक करण औजला का कन्सर्ट था। देर शाम हुए कार्यक्रम से शहर की ट्रैफिक व्यवस्था चरमरा गई थी। कार्यक्रम के कारण आसपास के लोगों और दुकानदारों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा था। अब 14 दिसंबर को सेक्टर 34 में दिलजीत दोसांझ का कार्यक्रम है।
चंडीगढ़ में हाल ही में आयोजित पंजाबी गायक करण औजला के शो के बाद हुए नुकसान और असुविधा ने शहरवासियों के बीच नाराजगी बढ़ा दी है। सेक्टर-34 में हुए इस कार्यक्रम के कारण न केवल ट्रैफिक जाम हुआ, बल्कि स्थानीय निवासियों, दुकानदारों और छात्रों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
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लोग पूछ रहे हैं कि नुकसान और परेशानियों की भरपाई कौन करेगा। इस पर मेयर कुलदीप कुमार ने कहा कि निगम के नुकसान पर वह आयोजकों को नोटिस भिजवाएंगे।
सेक्टर-34 और इसके आसपास के इलाके के निवासियों का कहना है कि ऐसे कार्यक्रमों के कारण उनकी दिनचर्या पूरी तरह से बाधित हो जाती है। तेज आवाज के कारण बुजुर्गों और बच्चों को काफी परेशानी हुई। सड़कों पर गाड़ियों की लंबी कतारों से न केवल ट्रैफिक जाम हुआ, बल्कि एंबुलेंस और अन्य जरूरी सेवाओं में भी देरी हुई। शो के बाद भी ग्राउंड पर सारा सामान पड़ा रहा।
व्यवसाय पर पड़ा बुरा असर
दुकानदारों का कहना है कि शो के दौरान उनके व्यवसाय पर बुरा असर पड़ा। ग्राहकों की आवाजाही लगभग बंद हो गई और कई जगह पार्किंग की समस्या बनी रही। रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने प्रशासन से मांग की है कि ऐसे बड़े कार्यक्रमों को शहर के बाहर आयोजित किया जाए। उनका कहना है कि शहर के भीतर ऐसे कार्यक्रमों से सार्वजनिक जीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। ऐसे आयोजनों के लिए शहर के बाहरी इलाके या विशेष कार्यक्रम स्थलों का उपयोग किया जाना चाहिए।
वहीं, क्राफ्ड ने कहा है कि वह इस संबंध में प्रशासन ने भी मांग करेंगे और इस महीने के अंत में होने वाली बैठक में इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाएंगे। उधर, प्रशासन के कुछ अधिकारियों का भी मानना है कि ऐसे कार्यक्रम सेक्टर-34 में नहीं होने चाहिए। हालांकि अब 16 दिसंबर तक के लिए आयोजकों के पास मंजूरी है।
करण औजला के शो के बाद अब 14 दिसंबर को पंजाबी गायक दिलजीत दोसांझ का कार्यक्रम होना है। यह कार्यक्रम भी सेक्टर-34 में आयोजित किया जा रहा है, जिससे निवासियों और व्यापारियों की चिंताएं बढ़ गई हैं। अनुमान है कि इस कार्यक्रम में भारी संख्या में लोग शामिल होंगे, जिससे ट्रैफिक जाम और बढ़ेगा। दुकानदारों को फिर से अपने व्यवसाय में नुकसान झेलना पड़ेगा।
सेक्टर-34 बिल्कुल शहर के बीच का सेक्टर है। दिल्ली-हरियाणा, पंजाब से आने वाला भारी ट्रैफिक भी सेक्टर 34 के पास वाली सड़क से गुजरता है। सेक्टर 32 हॉस्पिटल भी इसी सड़क पर है। जब भी कोई बड़ा कार्यक्रम सेक्टर 34 ग्राउंड में होता है तो कई घंटों के लिए आस पास की सारी सड़कें बंद हो जाती है। इसी सड़क से एम्बुलेंस गंभीर मरीजों को लेकर पंजाब, हरियाणा से पीजीआई और सेक्टर-32 के अस्पताल भी जाती है। ऐसे में 14 और 21 दिसंबर को फिर से लोगों को भारी दिक्कत का सामना करना होगा।
सेक्टर 34 में मंजूरी क्यों दी जा रही है
शहर के बीचो-बीच इतने बड़े कार्यक्रम की वजह से लोगों को बहुत तकलीफ उठानी पड़ी है। जब बड़े क्राउड के लिए सेक्टर 25 में जगह मार्क की गई है तो फिर इतने बड़े कार्यक्रम की सेक्टर 34 में मंजूरी क्यों दी जा रही है। प्रशासन कुछ हजारों रुपये के लिए हजारों लोगों को परेशानी में डाल रहा है। ऐसे कार्यक्रम सेक्टर 34 में होने ही नहीं चाहिए। अगर इतना बड़ा कार्यक्रम सेक्टर 34 में हो सकता है तो फिर राजनीतिक रैलियों को सेक्टर 25 में क्यों भेजा जाता है। - बलजिंदर सिंह बिट्टू, चेयरमैन, फॉसवेक
आने वाले कार्यक्रम सेक्टर 25 में शिफ्ट किए जाए
इतने बड़े शो के लिए सेक्टर 34 का एग्जिबिशन ग्राउंड नहीं बना है। इसकी वजह से आसपास के लोग, दुकानदार व स्टूडेंट्स को बहुत परेशानी हुई है। मैं मांग करता हूं प्रशासन से कि आने वाले सभी कार्यक्रम को सेक्टर 25 में शिफ्ट किया जाए। हम इस मुद्दे को अपनी इस महीने के अंत में होने वाली बैठक में भी उठाएंगे। औजला के शो में खुलेआम शराब परोसी गई थी। ऐसे में क्या पुलिस कानून व्यवस्था की जिम्मेदारी लेगी। - हितेश पुरी, चेयरमैन, क्राफ्ड